श्रीकृष्ण जन्मोत्सव पर कन्या महाविद्यालय में गूंजे भजन, छात्राओं ने प्रस्तुत की कृष्ण लीलाएं,भारतीय संस्कृति और कर्मयोग के संदेश से छात्राओं को कराया परिचित
श्रीकृष्ण जन्मोत्सव पर कन्या महाविद्यालय में गूंजे भजन, छात्राओं ने प्रस्तुत की कृष्ण लीलाएं,भारतीय संस्कृति और कर्मयोग के संदेश से छात्राओं को कराया परिचि
कटनी । शासकीय कन्या महाविद्यालय, कटनी में शुक्रवार को श्रीकृष्ण जन्मोत्सव के अवसर पर भारतीय ज्ञान परंपरा प्रकोष्ठ, एनसीसी एवं एनएसएस के संयुक्त तत्वावधान में विशेष सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं ने भगवान श्रीकृष्ण के जीवन प्रसंगों, लीलाओं और शिक्षाओं पर आधारित भजन एवं सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर समां बांध दिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती एवं भगवान श्रीकृष्ण के समक्ष दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण के साथ हुआ। इस दौरान पूरा महाविद्यालय परिसर भक्तिमय वातावरण से सराबोर रहा।
प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात ने भगवान श्रीकृष्ण के जीवन-दर्शन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि श्रीकृष्ण का जीवन धर्म, सत्य, प्रेम, कर्तव्यनिष्ठा, धैर्य और कर्मयोग की प्रेरणा देता है। उन्होंने श्रीमद्भगवद्गीता के कर्मयोग के संदेश को वर्तमान समय में भी प्रासंगिक बताते हुए छात्राओं से अपने कर्तव्यों का निष्ठापूर्वक निर्वहन करने और भारतीय ज्ञान परंपरा के मूल्यों को जीवन में आत्मसात करने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में छात्राओं ने श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं एवं जीवन प्रसंगों पर आधारित कथाओं, भजनों और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों की भावपूर्ण प्रस्तुति दी। मधुर भजनों और कृष्ण लीलाओं ने उपस्थितजनों को भक्ति रस में सराबोर कर दिया।
समापन अवसर पर प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात ने सभी को श्रीकृष्ण जन्मोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए आयोजन की सफलता के लिए छात्राओं, प्राध्यापकों एवं आयोजन से जुड़े सभी सदस्यों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति एवं ज्ञान परंपरा से जुड़े ऐसे आयोजन छात्राओं में नैतिक, सांस्कृतिक एवं मानवीय मूल्यों के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण, अतिथि विद्वान, जनभागीदारी अतिथि एनसीसी एवं एनएसएस स्वयंसेवक तथा बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।