तार के फंदे ने ली तेंदुए की जान, 24 घंटे में दो शिकारी गिरफ्तार,रीठी वन परिक्षेत्र के देवरी-पटोहा जंगल का मामला, वन्यजीव संरक्षण अधिनियम में कार्रवाई
तार के फंदे ने ली तेंदुए की जान, 24 घंटे में दो शिकारी गिरफ्तार,रीठी वन परिक्षेत्र के देवरी-पटोहा जंगल का मामला, वन्यजीव संरक्षण अधिनियम में कार्रवाई
कटनी। रीठी वन परिक्षेत्र के देवरी-पटोहा तालाब के जंगल में तार के फंदे में फंसकर तेंदुए की मौत के मामले में वन विभाग ने तेजी से कार्रवाई करते हुए महज 24 घंटे के भीतर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से आगे की कार्रवाई की गई।
जानकारी के अनुसार देवरी-पटोहा तालाब के जंगल से लगे एक किसान के खेत के पास करीब 3 से 4 वर्ष उम्र के नर तेंदुए का शव मिला था। तेंदुए के मृत मिलने की सूचना पर वन विभाग की टीम तत्काल मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि जंगली सूअर और हिरण के शिकार के लिए खेत के आसपास तार का फंदा लगाया गया था। इसी फंदे की चपेट में तेंदुआ आ गया और उसकी मौत हो गई।
घटना को गंभीरता से लेते हुए वन परिक्षेत्र अधिकारी महेश पटेल ने वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में विशेष टीम गठित की। टीम ने घटनास्थल से मिले सुरागों और पूछताछ के आधार पर संदिग्धों की तलाश शुरू की। लगातार जांच और पूछताछ के बाद टीम ने दो आरोपियों को चिह्नित कर गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों के विरुद्ध वन्यजीव संरक्षण अधिनियम की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। दोनों को न्यायालय में पेश किया गया। वन विभाग अब यह पता लगाने में जुटा है कि वन्यजीवों के शिकार के लिए लगाए गए फंदे के पीछे और कितने लोग शामिल थे। इस संबंध में जांच जारी है।
तेंदुए की मौत के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए 24 घंटे के भीतर आरोपियों तक पहुंचने पर वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों ने रीठी वन परिक्षेत्र अधिकारी महेश पटेल और उनकी टीम की सराहना की है।