विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता की समीक्षा, 31 अगस्त तक कमियां दूर करने के निर्देश

विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता की समीक्षा, 31 अगस्त तक कमियां दूर करने के निर्दे

कटनी। कलेक्टर के निर्देशन में जिले के विभिन्न शासकीय विद्यालयों का शैक्षणिक एवं अकादमिक निरीक्षण किया गया। इस दौरान प्राथमिक शाला छैघरा, प्राथमिक शाला पठरा, हाईस्कूल पठरा एवं प्राथमिक शाला टिकरवारा में शिक्षकों के अध्यापन कार्य का अवलोकन करने के साथ विद्यार्थियों के शैक्षणिक स्तर का आकलन किया गया।
निरीक्षण के दौरान प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों में अभी तक अभ्यास पुस्तिकाओं एवं एट ग्रेड पुस्तिकाओं की पूर्ति नहीं होने को गंभीर चिंता का विषय माना गया। सभी विद्यालयों को 12 बिंदुओं का फॉर्मेट उपलब्ध कराते हुए 31 अगस्त तक सभी कमियों एवं गैप्स को पूर्ण करने की समयसीमा निर्धारित की गई।
छैघरा में दो शिक्षक, छह विद्यार्थी फिर भी व्यवस्था में सुधार की जरूरत
प्राथमिक शाला छैघरा में कुल छह विद्यार्थियों पर दो शिक्षक कार्यरत पाए गए। विद्यार्थियों का शैक्षणिक स्तर संतोषजनक मिला, लेकिन उपलब्ध मानव संसाधन के बावजूद विद्यालय की व्यवस्थाओं को अपेक्षित स्तर का नहीं पाया गया। निरीक्षण के दौरान आवश्यक सुधार के निर्देश दिए गए।
पठरा में शिक्षकों के प्रयास से विद्यार्थियों का स्तर संतोषजनक
प्राथमिक शाला पठरा में प्रधानाध्यापक राजेंद्र रजक के नेतृत्व में सभी शिक्षक मेहनत और लगन से अध्यापन कार्य करते पाए गए। शिक्षकों के प्रयासों के चलते विद्यार्थियों का शैक्षणिक स्तर संतोषजनक मिला। विद्यालय के प्रदर्शन को देखते हुए इसे निपुण शाला बनाने की संभावनाओं पर भी चर्चा की गई।
हाईस्कूल पठरा में गणित, विज्ञान और अंग्रेजी पर विशेष जोर
हाईस्कूल पठरा में अंग्रेजी एवं विज्ञान शिक्षिका से विद्यार्थियों को पढ़ाने की प्रभावी पद्धतियों तथा प्रायोगिक कार्यों को प्रतिदिन सुनिश्चित करने के संबंध में चर्चा की गई। विद्यार्थियों से विषयवस्तु को समझकर अध्ययन करने तथा नियमित स्व-अध्ययन के व्यापक प्रभावों पर संवाद किया गया।
कक्षा 10 के विद्यार्थियों के साथ गणित विषय में तेजी से सोचने और समस्याओं को हल करने की प्रक्रिया पर उदाहरणों के माध्यम से व्यावहारिक चर्चा की गई। वहीं कक्षा 9 के विद्यार्थियों के गणित विषय के आकलन के परिणाम संतोषजनक नहीं पाए गए। विद्यार्थियों को प्रदर्शन सुधारने के लिए आवश्यक टिप्स एवं मार्गदर्शन दिया गया।
टिकरवारा में क्यूआर कोड आधारित शिक्षण पर जोर
प्राथमिक शाला टिकरवारा में शिक्षिकाओं को कक्षा 5 के विद्यार्थियों को क्यूआर कोड स्कैन कर अध्ययन सामग्री के माध्यम से पढ़ाने की प्रक्रिया विस्तार से समझाई गई। इस दौरान 12 अकादमिक बिंदुओं पर भी संवाद किया गया। प्राथमिक शाला पठरा एवं टिकरवारा में निपुण शाला बनने की संभावनाओं को देखते हुए अगले माह पुनः आकलन करने के लिए जन शिक्षक को निर्देशित किया गया।
निरीक्षण दल में डाइट कटनी के वरिष्ठ व्याख्याता राजेंद्र असाटी एवं जन शिक्षक संदीप पुरवार शामिल रहे। निरीक्षण के दौरान विद्यालयों में शैक्षणिक गुणवत्ता बढ़ाने, विद्यार्थियों के अधिगम स्तर में सुधार तथा निर्धारित समयसीमा में सभी कमियों को दूर करने पर विशेष जोर दिया गया।

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