रांझी में पुलिस का शौर्य: जबलपुर विसबल परेड ग्राउंड पर दिखा पराक्रम, 11 महीने की कठिन ट्रेनिंग पूरी कर देश सेवा में शामिल हुए 221 रक्षक; भोपाल के दीपकांत बने बेस्ट कैडेट

रांझी में पुलिस का शौर्य: जबलपुर विसबल परेड ग्राउंड पर दिखा पराक्रम, 11 महीने की कठिन ट्रेनिंग पूरी कर देश सेवा में शामिल हुए 221 रक्षक; भोपाल के दीपकांत बने बेस्ट कैडेट

रांझी में पुलिस का शौर्य: जबलपुर विसबल परेड ग्राउंड पर दिखा पराक्रम, 11 महीने की कठिन ट्रेनिंग पूरी कर देश सेवा में शामिल हुए 221 रक्षक; भोपाल के दीपकांत बने बेस्ट कैडेट

जबलपुर: संस्कारधानी जबलपुर के रांझी स्थित 6वीं प्रशिक्षण वाहिनी विशेष सशस्त्र बल (SAF) का परेड ग्राउंड शुक्रवार को शौर्य, अनुशासन और देशभक्ति के अनूठे रंग में रंग गया। मौका था 101वें बुनियादी प्रशिक्षण सत्र की भव्य दीक्षा परेड (Passing Out Parade) का, जहां एक वर्ष के कठिन और कठोर शारीरिक व मानसिक प्रशिक्षण के बाद 221 नव-प्रशिक्षित आरक्षकों ने शानदार परेड प्रदर्शन कर देश सेवा का संकल्प लिया। Adhik Maas Malpua Daan: दरिद्रता से मिलेगी हमेशा के लिए मुक्ति- अधिकमास में क्यों किया जाता है 33 मालपुओं का ही महादान? जानें महत्व, विधि और शुभ मुहूर्त

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दीक्षा समारोह की शुरुआत सुबह ठीक 8:00 बजे धमाकेदार मार्च पास्ट के साथ हुई:

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डेढ़ घंटे तक चले इस दीक्षा समारोह में जब जवानों ने अपनी ‘फील्ड टेक्टिक्स’ और शौर्य का प्रदर्शन किया, तो वहां मौजूद 400 से अधिक दर्शक और पुलिस अधिकारी दंग रह गए:

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प्रशिक्षण के दौरान कानून, फायरिंग, इंडोर-आउटडोर और शारीरिक दक्षता जैसी कठिन विधाओं में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले जांबाज आरक्षकों को सम्मानित किया गया:

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6वीं वाहिनी के इस 101वें बैच के नाम एक ऐतिहासिक तकनीकी उपलब्धि भी दर्ज हो गई है:

एक नजर में 6वीं वाहिनी SAF रांझी का गौरवशाली इतिहास और आंकड़े:

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