सर्पमित्र अमिता श्रीवास की मुहिम: सुई धागे से सिले कोबरा सांपों को छीनकर वन विभाग को सौंपा
सर्पमित्र अमिता श्रीवास की मुहिम: सुई धागे से सिले कोबरा सांपों को छीनकर वन विभाग को सौंपा
कटनी। नाग पंचमी पर लोगों द्वारा परमपरानुसार नाग देवता को दूध अर्पित कर पूजा अर्चना करते हैं और अपनी मनोकामना पूरी करने की मन्नत मांगते हैं लेकिन इसका दूसरा पहलू जो है वह बड़ा क्रूरता से भरा हुआ है देखा जाता है।
कि सपेरे सर्पों को जंगलों से पकड़कर उनके जहरीले तांत तोड़कर उन्हें पिटारे में बंद कर नाग पंचमी या फिर आम दिनों में घर घर जाकर सर्प के नाम से भिक्षावृत्ति करते हैं।
शुक्रवार को नागपंचमी पर कोबरा सांप के वो भी एक नहीं करीब 16 सर्पों को पकड़कर उनके तांत तोड़े गए और कोबरा सर्प तेज तर्रार होने के कारण उनकी फुसकर पर काबू पाने सुई धागे से उनके मुंह को सिल दिया गया।
सपेरों की यह करतूत उस वक्त सार्वजनिक हो गई जब गौरक्षक एवम सर्प मित्र अमिता श्रीवास को इस बारे में पता चला और उनके द्वारा नई बस्ती, चांडक चौक, गाटरघाट से सपेरों को पकड़ा कुछ ही देर में अमिता ने करीब 16 कोबरा सर्प को सपेरों से छीना और सपेरों द्वारा कोबरा सर्पों से की गई क्रूरता को देख सपेरों को भी पीटा लेकिन सपेरे मौके से फरार हो गए।
इस बीच यह भी देखा गया कि अमिता के द्वारा वन विभाग को सूचना देने के बाद भी वन विभाग ने कोई गंभीर कदम नहीं उठाए अंततः अमिता ने अकेले ही सपेरों से सामना किया और सर्पों को छीना और कोतवाली थाने पहुंची जहां बड़ी संख्या में कोबरा सर्प को देखने लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई।