जबलपुर स्टेशन पर रेलवे मजिस्ट्रेट की बड़ी कार्रवाई: अंबर फूड और बेस किचन में मिली भारी गंदगी, बदबूदार पनीर के सैंपल जांच के लिए भोपाल भेजे, संचालक पर जुर्माना
जबलपुर: रेलवे स्टेशन पर यात्रियों को परोसे जा रहे भोजन की गुणवत्ता और स्वच्छता की हकीकत परखने के लिए रेलवे प्रशासन ने बेहद सख्त कदम उठाया है। रविवार को रेलवे मजिस्ट्रेट वेद प्रकाश सगर के नेतृत्व में स्वास्थ्य, वाणिज्य, आरपीएफ, जीआरपी और मजिस्ट्रेट स्क्वॉड की संयुक्त टीम ने जबलपुर रेलवे स्टेशन पर औचक निरीक्षण (Surprise Inspection) किया। इस दौरान प्लेटफार्म नंबर एक पर स्थित ‘अंबर फूड’ और मुख्य स्टेशन के ‘बेस किचन’ में भारी कमियां और गंदगी पाई गई, जिसके बाद भोजनालय संचालक के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की गई है।
अंबर फूड में मिली गंदगी, खाद्य सामग्री से आ रही थी बदबू
रेलवे मजिस्ट्रेट वेद प्रकाश सगर जब प्लेटफार्म नंबर एक के पार्सल ऑफिस के पास बने अंबर फूड पहुंचे, तो वहां का नजारा बेहद हैरान करने वाला था।
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बदबूदार भोजन: जांच के दौरान पूरे परिसर में भारी गंदगी मिली। इतना ही नहीं, यात्रियों को परोसने के लिए रखे गए पनीर समेत कई अन्य खाद्य सामग्रियों से तेज बदबू आ रही थी।
बेस किचन का बारीकी से परीक्षण, संदिग्ध पनीर के सैंपल भोपाल भेजे
अंबर फूड के बाद मजिस्ट्रेट स्क्वॉड ने मुख्य रेलवे स्टेशन के ही बेस किचन का औचक निरीक्षण किया। यहां भोजन तैयार करने की प्रक्रिया, भंडारण (Storage) व्यवस्था, साफ-सफाई और खाद्य सामग्री की गुणवत्ता का बारीकी से परीक्षण किया गया।
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लैब भेजी गई पनीर: निरीक्षण के दौरान उपयोग में लाई जा रही पनीर की गुणवत्ता अत्यंत संदिग्ध पाई गई। रेलवे मजिस्ट्रेट ने तत्काल स्वास्थ्य निरीक्षक हेमंत यादव को आवश्यक कानूनी कार्रवाई के निर्देश दिए।
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खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत कार्रवाई: खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम, 2006 के तहत संदिग्ध पनीर के दो नमूनों को सील कर अधिकृत खाद्य परीक्षण प्रयोगशाला, भोपाल भेजा गया है। वहीं, एक अतिरिक्त नमूना सुरक्षित रखा गया है, ताकि लैब रिपोर्ट आने के बाद आगे की सख्त कार्रवाई की जा सके। जबलपुर स्टेशन पर रेलवे मजिस्ट्रेट की बड़ी कार्रवाई: अंबर फूड और बेस किचन में मिली भारी गंदगी, बदबूदार पनीर के सैंपल जांच के लिए भोपाल भेजे, संचालक पर जुर्माना
रेलवे अधिनियम के तहत लगा जुर्माना
सफाई व्यवस्था की धज्जियां उड़ाने वाले भोजनालय संचालक पर रेलवे ने तुरंत दंडात्मक चाबुक चलाया। बेस किचन परिसर में स्वच्छता संबंधी गंभीर कमियां और लापरवाही मिलने पर संबंधित भोजनालय संचालक के खिलाफ रेलवे अधिनियम की धारा 145 के तहत कार्रवाई करते हुए भारी जुर्माना लगाया गया है।
यात्रियों के स्वास्थ्य से समझौता नहीं: रेलवे मजिस्ट्रेट रेलवे मजिस्ट्रेट ने संबंधित वेंडर और एजेंसी को साफ-सफाई व खाद्य गुणवत्ता के सभी निर्धारित मानकों का कड़ाई से पालन करने की सख्त हिदायत दी है। उन्होंने स्पष्ट किया कि रेल यात्रियों के स्वास्थ्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। स्टेशन परिसर में संचालित सभी भोजनालयों और बेस किचनों की नियमित निगरानी व औचक निरीक्षण का यह सिलसिला आगे भी जारी रहेगा, ताकि यात्रियों को पूरी तरह सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन मिल सके।
