कैलारस के बाद अब वीरपुर तक दौड़ेगी ट्रेन-झांसी मंडल की टीम ने ‘परख यान’ से किया निरीक्षण, जल्द शुरू होगी रेल सेवा
कैलारस के बाद अब वीरपुर तक दौड़ेगी ट्रेन-झांसी मंडल की टीम ने ‘परख यान’ से किया निरीक्षण, जल्द शुरू होगी रेल सेवा
ग्वालियर/श्योपुर (मध्य प्रदेश): ग्वालियर-श्योपुर ब्राडगेज (Gwalior-Sheopur Broad Gauge) परिवर्तन परियोजना को लेकर एक बड़ा और सकारात्मक अपडेट सामने आया है। कैलारस तक सफलतापूर्वक नियमित ट्रेन संचालन शुरू होने के बाद अब रेलवे प्रशासन ने वीरपुर तक ट्रेन सेवा का विस्तार करने की तैयारियां तेज कर दी हैं।
बुधवार को उत्तर मध्य रेलवे के झांसी मंडल (Jhansi Division) के वरिष्ठ अधिकारियों की टीम ने ‘परख यान’ (Track Inspection Car) के जरिए पूरे कैलारस-वीरपुर सेक्शन का गहन निरीक्षण किया।
सुरक्षा, ट्रैक और यात्री सुविधाओं की बारीकी से जांच
निरीक्षण के दौरान रेल अधिकारियों ने पूरे नव-निर्मित रेल सेक्शन का तकनीकी और सुरक्षात्मक मूल्यांकन किया:
ट्रैक और सिग्नलिंग: नवनिर्मित ब्रॉडगेज ट्रैक की मजबूती, कर्व्स, सिग्नलिंग सिस्टम और संरक्षा (Safety) के मानकों को बारीकी से जांचा गया।
स्टेशन व यात्री सुविधाएं: वीरपुर स्टेशन पर यात्रियों के बैठने की व्यवस्था, पेयजल, प्लेटफॉर्म की स्थिति और टिकट काउंटरों का जायजा लिया गया।
कमियों को दूर करने के निर्देश: निरीक्षण के दौरान जो छोटी-मोटी तकनीकी कमियाँ या सुधार कार्य सामने आए, अधिकारियों ने मौके पर ही उन्हें तुरंत दुरुस्त करने के कड़े निर्देश जारी किए।
DRM को सौंपी गई रिपोर्ट, जल्द मिल सकती है हरी झंडी
विस्तृत रिपोर्ट तैयार: निरीक्षण दल ने पूरे सेक्शन की स्थिति, कमियों और जरूरी सुधारों का पूरा ब्योरा तैयार कर मंडल रेल प्रबंधक (DRM), झांसी को सौंप दिया है।
CRS निरीक्षण का मार्ग प्रशस्त: इस निरीक्षण के बाद माना जा रहा है कि बहुत जल्द इस सेक्शन पर रेल संरक्षा आयुक्त (CRS – Commissioner of Railway Safety) का फाइनल इंस्पेक्शन और स्पीड ट्रायल होगा, जिसके बाद वीरपुर तक नियमित पैसेंजर ट्रेनों के संचालन की अंतिम हरी झंडी मिल जाएगी।
अंचलवासियों को क्या होगा फायदा?
सुगम और सस्ता सफर: कैलारस के आगे वीरपुर तक ब्रॉडगेज सेवा शुरू होने से श्योपुर और मुरैना जिले के सीमावर्ती इलाकों के ग्रामीणों को ग्वालियर तक सीधी और सस्ती परिवहन सुविधा मिलेगी।
व्यापार को बढ़ावा: ब्रॉडगेज लाइन जुड़ने से क्षेत्र में कृषि और स्थानीय व्यापारिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी।