कटनी (YASH BHARAT.COM)। जिला प्रशासन द्वारा हर मंगलवार की जनसुनवाई, अब आम लोगों के लिए भरोसे और समाधान का मंच बन गई है। कलेक्टर आशीष तिवारी ने मंगलवार को बड़वारा पहुंच कर 48 फरियादियों की बात ध्यान से सुनीं। 
तत्काल हुई ई-केवाईसी
बड़वारा में आयोजित जनसुनवाई में कलेक्टर श्री तिवारी को ग्राम बड़वारा निवासी रामकुमार यादव पिता स्व. श्री मुलईराम यादव ने बताया कि मेरे समग्र परिवार आईडी में मेरी बेटी मनीषा यादव की सदस्य आईडी में पिता का नाम खाली है और माता के नाम में पिता का नाम दिख रहा है। जिसके कारण मेरी बेटी का आयुष्मान कार्ड में केवायसी नहीं हो रही है। मेरी बेटी का इलाज कटनी में चल रहा है। डॉक्टर ने ऑपरेशन के लिए कहा है। इस कारण मेरी बेटी के ईलाज हेतु आयुष्मान कार्ड नहीं चल पा रहा है। इस पर कलेक्टर श्री तिवारी के निर्देश पर जनसुनवाई के दौरान ही ई-केवाईसी कर दी गई।
अवैध शराब की पैकारी बंद करायें
जनपद पंचायत बड़वारा के उपाध्यक्ष रामसेवक दुबे ने कलेक्टर श्री तिवारी को अवगत कराया कि बड़वारा थाना के अंतर्गत प्रत्येक गांव में जगह-जगह अवैध शराब की पैकारियां चलाई जा रही है। इस पर कलेक्टर श्री तिवारी ने बड़वारा थाना के टीआई को आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
रिकॉर्ड में कराए सुधार
जनसुनवाई के दौरान गुरूनानक वार्ड कटनी निवासी लक्ष्मण प्रसाद ने बताया कि ग्राम बडवारा खुर्द में स्थित खसरा नंबर 102 रकवा 0.43 हेक्टेयर भूमि के राजस्व अभिलेख में 1989 से पूर्व मेरा नाम लक्ष्मण प्रसाद दर्ज था। परंतु त्रुटि वश लक्ष्मण के स्थान पर लखन दर्ज हो गया। इस संबंध में नाम सुधार हेतु मेरे द्वारा पूर्व में आवेदन दिया गया था। परंतु अब तक नाम सुधार नहीं हो सका है। इस पर कलेक्टर श्री तिवारी ने एसडीएम कटनी को निश्चित समय-सीमा में नाम सुधार करने के निर्देश दिए।
गरीबी रेखा में नाम जुड़वायें
ग्राम बंजर बरेला निवासी कैलाश गुप्ता ने गरीबी रेखा में नाम जुड़वाने की मांग करते हुये कहा कि मैं मजदूरी करके अपने परिवार का भरण-पोषण करता हूँ, किंतु मेरा नाम गरीबी रेखा सर्वे सूची में नहीं है। इस पर कलेक्टर श्री तिवारी ने तहसीलदार बहोरीबंद को पात्रतानुसार गरीबी रेखा में नाम जुड़वाने के निर्देश दिये।
शराब पीकर विद्यालय आने वाला सहायक अध्यापक निलंबित
कटनी। शिक्षा के मंदिर में शराब पीकर आने और अनुशासनहीनता बरतने पर जिला पंचायत सीईओ हरसिमरनप्रीत कौर ने संकुल केन्द्र शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय विजयराघवगढ़ के शासकीय प्राथमिक शाला गोइन्द्रा में पदस्थ सहायक अध्यापक अरविन्द कुजूर को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह मामला तब प्रकाश में आया जब ग्रामीणों ने शिक्षक की इस हरकत का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया। वीडियो वायरल होने के बाद जनशिक्षक द्वारा विद्यालय परिसर पहुंचकर मामले की जांच की और पंचनामा तैयार किया। जांच के आधार पर यह पाया गया कि सहायक अध्यापक श्री कुजूर अक्सर शराब के नशे में स्कूल आते हैं और बच्चों को नहीं पढ़ाते हैं। सहायक अध्यापक श्री कुजूर का यह कृत्य घोर लापरवाही एवं अनुशासनहीनता को प्रदर्शित करता है तथा म.प्र. सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 में निहित उपनियमों के विपरीत कदाचरण की श्रेणी में आता है।
मुख्यमंत्री डेयरी प्लस योजना के तहत उन्नत मुर्रा भैंस लेने हरियाणा रवाना हुआ कटनी के पशुपालकों का तीसरा बैच
कटनी। मुख्यमंत्री डेयरी प्लस योजना के तहत कटनी जिले के चयनित 9 पशुपालकों के तृतीय बैच को उन्नत मुर्रा नस्ल की भैंस क्रय करने हेतु हरियाणा के करनाल रवाना किया गया। उपसंचालक पशुपालन विभाग डॉ. आर के सोनी ने बताया कि कलेक्टर आशीष तिवारी के निर्देश पर डॉ. साकेत मिश्रा के नेतृत्व एवं पर्यवेक्षण में रवाना इस दल में शामिल प्रत्येक हितग्राही को मध्य प्रदेश राज्य पशुधन एवं कुक्कुट विकास निगम के द्वारा दो-दो भैंस का क्रय कराया जाएगा।
अवैध मदिरा निर्माण, विक्रय एवं परिवहन के विरूद्ध हुई कार्यवाही, 84 हज़ार से अधिक की हाथ भट्टी मदिरा एवं महुआ लाहन जब्त, आबकारी अधिनियम के 6 प्रकरण पंजीबद्ध
कटनी। जिले में अवैध मदिरा निर्माण, विक्रय एवं परिवहन पर रोक लगाये जाने हेतु कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के निर्देश पर चलाये जा रहे अभियान के तहत मंगलवार को आबकारी विभाग वृत्त कटनी क्रमांक 1, 2 एवं 3 की संयुक्त टीम द्वारा वृत्त कटनी क्रमांक 2 में आबकारी नियंत्रण कक्ष प्रभारी मंशा राम उइके के नेतृत्व में ग्राम मछरियाडेरा, तिलियनपर में दबिश दी गई । जिला आबकारी अधिकारी सुश्री विभा मरकाम ने बताया कि दविश के दौरान 14 लीटर हाथ भट्टी शराब एवं 825 किलोग्राम महुआ लाहन जब्त किया गया। जब्त हाथ भट्टी शराब एवं महुआ लाहन की कीमत 84 हजार से अधिक आंकी गई है।
विश्व आर्दभूमि दिवस पर शासकीय कन्या महाविद्यालय में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
कटनी। आर्द्रभूमियों के संरक्षण एवं उनके महत्व के प्रति छात्राओं और समाज में जागरूकता फैलाने हेतु शासकीय कन्या महाविद्यालय, कटनी में विश्व आर्द्रभूमि दिवस के अवसर पर जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम एनसीसी विभाग के तत्वावधान एवं महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ।
जिले के 165 वनपट्टाधारी किसान टमाटर की उन्नत खेती से होंगे मालामाल
कटनी। भोजन में टमाटर के उपयोग से खाने का जायका बढ़ जाता है। इसी टमाटर की खेती से जिले के 165 वन पट्टाधारी अनुसूचित जनजाति वर्ग के किसानों की जिंदगी में मिठास घुलने वाली है। पारंपरिक कम आय वाली खाद्य फसलों के स्थान पर अब ये किसान जल्दी ही उच्च मूल्य वाली फसलों की खेती शुरू करने जा रहें हैं। इसके लिये किसानों को स्प्रिंकलर, नोजल पाइप आदि निःशुल्क मुहैया कराया गया है। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी कहते हैं कि वनपट्टाधारी किसानों को राष्ट्रीय कृषि विकास योजनांतर्गत कम अवधि में अधिक उत्पादन देने वाली उच्च मूल्य वाली टमाटर की खेती करने हेतु प्रोत्साहित किया है।
90फीसदी है अनुदान
जिले के 165 वनपट्टाधारी अनुसूचित जाति के किसानों में से जिले के ढ़ीमरखेड़ा विकासखंड के 122 किसान 70.45 हेक्टेयर क्षेत्र में आधुनिक एवं उन्नत तकनीक से टमाटर की खेती करेंगे। इसके लिये इन किसानों को 38 लाख 4 हजार 300 रूपये की अनुदान राशि मुहैया कराई गई है। इसी प्रकार विकासखंड बड़वारा के 33 अनुसूचित जनजाति वर्ग के किसान 18.85 हेक्टेयर भू-क्षेत्र में टमाटर की खेती करेंगे। इसके लिये इन्हें 10 लाख 17 हजार 900 रूपये का अनुदान योजनांतर्गत प्रदान किया गया है। विकासखंड रीठी के 14 किसान 8.50 हेक्टेयर भू-क्षेत्र में टमाटर कीखेती करेंगे और इन्हें 4 लाख 59 हजार रूपये का अनुदान मुहैया कराया गया है। इसी प्रकार विकासखंड विजयराघवगढ़ के 4 किसानों को 75 हजार 600 रूपये का अनुदान मुहैया कराया गया है। यहां के सभी किसान 1.40 हेक्टेयर रकबे में टमाटर की खेती करेंगे। जबकि विकासखंड कटनी के वनपट्टाधिकारी अनुसूचित जनजाति वर्ग के 2 किसान 0.80 हेक्टेयर में टमाटर की उन्नत खेती करेंगे और इनहें 43 हजार 200 रूपये की अनुदान राशि प्रदान की गई है।
दिया गया है स्प्रिंकलर सेट
उद्यानिकी विभाग के परियोजना अधिकारी संत कुमार त्रिपाठी ने बताया कि राष्ट्रीय कृषि विकास योजनांतर्गत सभी 165 किसानों को स्प्रिंकलर सेट प्रदान किया गया है। इसके लिये 0.40 हेक्टेयर से 0.99 हेक्टेयर रकबे वाले किसानों को 18 पाईप 3 नोजल एवं अन्य सहायक सामग्री और 1 हेक्टेयर से 1.99 हेक्टेयर तक के रकबे वाले किसानों को 30 पाईप 5 नोजल सहित अन्य सामग्री तथा 2 हेक्टेयर से अधिक रकबा वाले किसानों को 41 पाईप 9 नोजल एवं अन्य सहायक सामग्रिया प्रदान की गई हैं। इसके अलावा हर किसान की जियो टैगिंग की जायेगी। साथ ही एमपीएफएसटीएस पोर्टल में इंट्री की जायेगी।
