नई दिल्ली। 8th pay commission 7वें केंद्रीय वेतन आयोग का कार्यकाल 31 दिसंबर को औपचारिक रूप से समाप्त हो गया है। 1 जनवरी 2016 से लागू हुए इस वेतन आयोग ने वेतन संरचना, भत्तों और सैलरी गणना प्रणाली में बड़े बदलाव किए थे। अब इसके 10 साल पूरे होने के साथ ही केंद्र और राज्य सरकार के करीब 1.75 करोड़ कर्मचारियों और 1.44 करोड़ पेंशनर्स की निगाहें 8वें वेतन आयोग पर टिक गई हैं।
जनवरी 2026 से भी 7वां वेतनमान ही लागू रहेगा
नियमों के अनुसार नया वेतन आयोग 1 जनवरी 2026 से लागू होना था, लेकिन अब तक सरकार की ओर से 8वें वेतन आयोग को लेकर कोई अंतिम अधिसूचना जारी नहीं की गई है। ऐसे में जनवरी 2026 से भी कर्मचारियों और पेंशनर्स को फिलहाल 7वें वेतनमान के अनुसार ही वेतन और पेंशन मिलती रहेगी। इससे कर्मचारियों के बीच असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
6वें वेतन आयोग के अंत में बढ़ा था DA का असर
गौरतलब है कि जब 6वां वेतन आयोग 31 दिसंबर 2015 को समाप्त हुआ था, उस समय महंगाई भत्ता (DA) 119 प्रतिशत तक पहुंच गया था। लेवल-1 कर्मचारी का बेसिक और ग्रेड पे मिलाकर वेतन 8,800 रुपये था, जिस पर DA करीब 10,472 रुपये हो गया था। X-कैटेगरी शहरों में HRA जोड़ने के बाद कुल मासिक वेतन लगभग 21,800 से 22,000 रुपये तक पहुंच गया था, जिससे महंगाई का असर काफी हद तक संतुलित हुआ था।
7वें वेतन आयोग में बेसिक पे में हुई बड़ी बढ़ोतरी
7वें वेतन आयोग के लागू होने के साथ ही DA को शून्य से दोबारा शुरू किया गया, लेकिन इसके बदले बेसिक पे में बड़ी छलांग लगाई गई। लेवल-1 कर्मचारियों का बेसिक पे बढ़ाकर 18,000 रुपये कर दिया गया और ग्रेड पे प्रणाली समाप्त कर पे मैट्रिक्स लागू की गई।
अब 7वें वेतन आयोग के अंतिम दौर में DA बढ़कर 58 प्रतिशत तक पहुंच चुका है। इससे 18,000 रुपये के बेसिक पर DA करीब 10,440 रुपये हो गया है। X-कैटेगरी शहरों में HRA 5,400 रुपये है। अन्य भत्तों को मिलाकर लेवल-1 कर्मचारी की मौजूदा मासिक सैलरी करीब 33,500 से 34,000 रुपये तक पहुंच चुकी है।
8वें वेतन आयोग को लेकर उम्मीदें तेज
7वें वेतन आयोग का कार्यकाल खत्म होते ही कर्मचारी संगठनों ने 8वें वेतन आयोग को लेकर दबाव बढ़ाना शुरू कर दिया है। संगठनों की मांग है कि न्यूनतम वेतन में ठोस बढ़ोतरी हो और फिटमेंट फैक्टर में भी बदलाव किया जाए। बढ़ती महंगाई को देखते हुए कर्मचारियों को उम्मीद है कि नया वेतन आयोग उन्हें बड़ी राहत देगा। सूत्रों के मुताबिक, सरकार की तैयारी रही तो जून 2026 तक 8वां वेतन आयोग लागू किया जा सकता है, हालांकि फिलहाल आधिकारिक घोषणा का इंतजार है।
