यह बंधन तो BJP-JDS का गठबंधन है: अमित शाह और जेपी नड्डा से कुमारस्वामी की मुलाकात है। आधिकारिक सूचना आज शाम तक आने की उम्मीद है । कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी ने बताया कि वह दिल्ली में हैं और आज भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा तथा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात करेंगे।लोकसभा चुनाव 2024 से पहले कर्नाटक में भाजपा और जेडीएस के बीच गठबंधन होगा या नहीं, इस पर आधिकारिक सूचना आज शाम तक आने की उम्मीद है। शाम को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर जानकारी दी जाएगी।
दोनों दलों के बीच गठबंधन की खबरें पिछले दिनों से आ रही है। सबसे पहले पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा के वरिष्ठ नेता येदियुरप्पा ने कहा था कि अमित शाह लोकसभा चुनाव में जेडीएस को 4 सीट देने पर राजी हो गए हैं। इस तरह दोनों दलों ने मिलकर लोकसभा चुनाव लड़ने का फैसला किया है।
इसके अगले दिन एचडी कुमारस्वामी ने कहा था,
येदियुरप्पा की प्रतिक्रिया उनकी निजी राय है। अब तक, सीट बंटवारे या किसी भी चीज पर कोई चर्चा नहीं हुई है। भाजपा नेताओं के साथ 2 या 3 बार हमारी सौहार्दपूर्ण मुलाकात हुई है। बाद में देखते हैं क्या होता है।
तब कुमारस्वामी ने कहा था, “हम (भाजपा और जेडीएस) एक साथ आ रहे हैं और जनता के सामने जाने के लिए चर्चा कर रहे हैं। लोगों को इसकी जरूरत है, क्योंकि कांग्रेस राज्य को लूट रही है। लोगों को विकल्प चाहिए। मैंने 2006 में भाजपा से हाथ मिलाया था और मेरे 20 महीने के प्रशासन के कारण मेरी अच्छी छवि बनी थी।’
येदियुप्पा ने दिया था यह बयान
कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने इसकी पुष्टि करते हुए बताया कि एचडी देवगौड़ा ने दिल्ली में भाजपा के केंद्रीय नेतृत्व से मुलाकात की थी। इसके बाद केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने जेडीएस को चार सीटें देने की अनुमति दे दी।
बता दें, जेडीएस कर्नाटक के विधानसभा चुनावों में भाजपा और कांग्रेस, दोनों के साथ गठबंधन कर चुकी है, लेकिन यह पहला मौका है जब भाजपा और जेडीएस मिलकर लोकसभा चुनाव लड़ेंगे।
चर्चा थी इन चार सीटों पर उतरेंगे JDS प्रत्याशी
चर्चा थी कि जेडीएस ने मांड्या, हासन, तुमकुरु, चिकबल्लापुर और बेंगलुरु ग्रामीण सीट मांगी थी। भाजपा ने चार सीटें – कोलार, हासन, मांड्या और बेंगलुरु ग्रामीण जेडीएस को दी हैं।
पिछले दिनों से यह सवाल था कि विधानसभा चुनाव में अकेले चुनाव लड़ने और हारने के बाद जेडीएस किसके साथ जाएगी। हालांकि कुछ दिन पहले ही देवगौड़ा ने कहा था कि उनकी पार्टी न तो इंडिया (इंडियन नेशनल डेवलपमेंट इंक्लूसिव एलायंस) और न ही एनडीए के साथ है।
