बच्चों की सुरक्षा सर्वोपरि: कटनी में जर्जर स्कूल भवनों में पढ़ाई पर लगी रोक; कलेक्टर का आदेश- 1 हफ्ते में गिराए जाएं खतरनाक कमरे

बच्चों की सुरक्षा सर्वोपरि: कटनी में जर्जर स्कूल भवनों में पढ़ाई पर लगी रोक; कलेक्टर का आदेश- 1 हफ्ते में गिराए जाएं खतरनाक कमरे

बच्चों की सुरक्षा सर्वोपरि: कटनी में जर्जर स्कूल भवनों में पढ़ाई पर लगी रोक; कलेक्टर का आदेश- 1 हफ्ते में गिराए जाएं खतरनाक कमरे

शिक्षा डेस्क, कटनी: कटनी जिले में अब किसी भी जर्जर या जीर्ण-शीर्ण सरकारी स्कूल के कमरों में बच्चों की क्लास नहीं लगेगी। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी ने बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए जिले के सभी खतरनाक शाला भवनों और कक्षों (Classrooms) में शिक्षण कार्य संचालित करने पर पूरी तरह से रोक लगा दी है। इसके साथ ही उन्होंने संबंधित अधिकारियों को एक सप्ताह के भीतर इन जर्जर ढांचों को ढहाने (निरसन करने) की कार्रवाई पूरी करने के सख्त निर्देश दिए हैं।

 175 स्कूलों के 393 कमरों को गिराने का आदेश

बीआरसीसी (BRCC) और सब-इंजीनियर्स (उपयंत्रियों) द्वारा जिले भर के स्कूलों का सर्वे करने के बाद एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार की गई थी, जिसके आधार पर यह बड़ा फैसला लिया गया है:

 वैकल्पिक भवनों में शिफ्ट होंगी क्लास, निर्माण वाली जगह पर नो-एंट्री

कलेक्टर श्री तिवारी ने जिला शिक्षा अधिकारी (BEO), बीआरसीसी, संकुल प्राचार्य, जनशिक्षकों और शाला प्रभारियों को मैदान में उतरकर दोबारा चेकिंग करने को कहा है:

⚠️ कलेक्टर की दो टूक चेतावनी: कलेक्टर ने साफ लफ्जों में कहा है कि बच्चों की जान से खिलवाड़ किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं होगा। स्कूल परिसर के भीतर ऐसा कोई भी जर्जर ढांचा खड़ा नहीं रहना चाहिए, जिससे किसी भी तरह की दुर्घटना या अप्रिय घटना की आशंका हो। निर्देशों का पालन न करने वालों पर कड़ी कार्रवाई होगी।

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