नई दिल्ली । उत्तर-पूर्वी जिला पुलिस उपायुक्त वेद प्रकाश सूर्या ने बताया कि गली नंबर-6, सुभाष मोहल्ला, भजनपुरा में एजुकेशनल प्वाइंट के नाम से दूसरी मंजिल पर कोचिंग सेंटर चलाया जा रहा था। कोचिंग सेंटर हरिशंकर और उमेश उर्फ बल्लू नामक युवक चलाते थे। यहां सभी क्लासों की कोचिंग दी जाती थी। पिछले कुछ दिनों से कोचिंग सेंटर के ठीक ऊपर एक और मंजिल बनाने का काम चल रहा था।
अचानक निर्माणाधीन तीसरी मंजिल का मलबा कोचिंग सेंटर की छत पर आ गिरा। गाटर और टुकड़ी की छत होने के कारण छत मलबे का वजन नहीं सह पाई और गिर गई। हादसे में नीचे के कमरों में पढ़ रहे करीब दर्जनभर छात्र व दोनों शिक्षक उमेश व हरिशंकर दब गए। मलबा गिरने की आवाज हुई तो स्थानीय लोग मदद को भागे। फौरन मलब में दब बच्चे को निकालकर वहां से नजदीकी जग प्रवेश चंद अस्पताल ले जाया गया। जहां चार बच्चों व एक शिक्षक को मृत घोषित कर दिया गया।
मृतकों की शिनाख्त फरहान (6), कृष्णा (12), ईशु (14), शिक्षक उमेश उर्फ बल्लू (32) व एक अन्य छात्र हैं। जग प्रवेश चंद अस्पताल ले जाए गए बाकी बच्चों को जीटीबी अस्पताल रेफर कर दिया गया। सूचना मिलते ही पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच गए। हादसे की सूचना मिलने पर मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के भी मौके पर पहुंचने की सूचना थी। हादसे के बाद से पूरे इलाके में हहाकार मचा हुआ था। दरअस्ल मरने वाले सभी बच्चे आसपास के घरों के ही थे।
भजनपुरा हादसे पर दिल्ली के उपराज्यपाल अनिल बैजल ने भी दुख प्रकट करते हुए ट्वीट किया। उन्होंने लिखा, ‘पूर्वी दिल्ली के भजनपुरा में इमारत ढहने के दौरान मासूम बच्चों की मौतों के बारे में जानकर गहरा दुख हुआ। भगवान इस त्रासदी से निपटने के लिए उनके परिवार और प्रियजनों को शक्ति प्रदान करें।’
उपराज्पाल ने अगले ट्वीट में इस बात की जानकारी दी कि उन्होंने घायलों की शीघ्र बरामदगी के लिए हरसंभव सहयोग देने का निर्देश दिया है। जो लोग इस दुखद दुर्घटना का कारण बने, उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
भजनपुरा से बहुत बुरी खबर आ रही है। भगवान सब को सलामत रखे। थोड़ी देर में वहां पहुंचूंगा। https://t.co/LZojwG18b0
— Arvind Kejriwal (@ArvindKejriwal) January 25, 2020

