भोपाल में सीएम यूथ कॉन्क्लेव-2026: मुख्यमंत्री मोहन यादव का बड़ा ऐलान- साल में 2 बार होगी MPPSC परीक्षा; 2027 को ‘युवा वर्ष’ के रूप में मनाएगी सरकार

भोपाल में सीएम यूथ कॉन्क्लेव-2026: मुख्यमंत्री मोहन यादव का बड़ा ऐलान- साल में 2 बार होगी MPPSC परीक्षा; 2027 को ‘युवा वर्ष’ के रूप में मनाएगी सरकार
भोपाल / मध्य प्रदेश डेस्क। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने मंगलवार को भोपाल स्थित लाल परेड ग्राउंड में ‘सीएम यूथ कॉन्क्लेव-2026’ का भव्य उद्घाटन किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने युवाओं से सीधा संवाद स्थापित किया और उच्च शिक्षा, रोजगार तथा प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे छात्रों के हित में कई ऐतिहासिक एवं दूरगामी घोषणाएं कीं।
इसके साथ ही सीएम ने सेवा संकल्प अभियान-2026 के तहत ‘मध्य प्रदेश-सेवा फर्स्ट-इनोवेशन चैलेंज’ के लिए रजिस्ट्रेशन पोर्टल की शुरुआत की और राज्य के तकनीकी विकास व नवाचारों को प्रदर्शित करने वाली प्रदर्शनी का अवलोकन किया।
सरकारी कॉलेजों में प्रतियोगी परीक्षाओं की मुफ्त कोचिंग
छात्रों को बड़ी राहत देते हुए मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि मध्य प्रदेश के सभी जिलों के सरकारी कॉलेजों में प्रतियोगी परीक्षाओं (Competitive Exams) की तैयारी के लिए मुफ्त कोचिंग सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
छात्रवृत्ति (Scholarship) में भारी बढ़ोतरी: शोधार्थियों (Research Scholars) को मिलने वाली फेलोशिप को ₹16,000 से बढ़ाकर ₹25,000 प्रति माह करने का ऐलान किया गया।
वर्ष में 2 बार होगी MPPSC परीक्षा और ₹5 करोड़ का ‘आइडिया फंड’
युवाओं को रोजगार और प्रशासनिक सेवाओं में अधिक अवसर देने के लिए बड़े कदम उठाए गए हैं:
साल में दो बार MPPSC: मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (MPPSC) की परीक्षा अब साल में दो बार आयोजित की जाएगी, जिससे अभ्यर्थियों को बार-बार प्रयास करने का अवसर मिल सकेगा।
5 करोड़ रुपये का आइडिया फंड: युवाओं के बीच स्टार्टअप और नए विचारों (Innovation) को बढ़ावा देने के लिए ₹5 करोड़ का विशेष ‘आइडिया फंड’ बनाया जाएगा।भोपाल में सीएम यूथ कॉन्क्लेव-2026: मुख्यमंत्री मोहन यादव का बड़ा ऐलान- साल में 2 बार होगी MPPSC परीक्षा; 2027 को ‘युवा वर्ष’ के रूप में मनाएगी सरकार
एआई और कंप्यूटिंग लैब: प्रदेश के सरकारी कॉलेजों में अत्याधुनिक आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और एडवांस्ड कंप्यूटिंग लैब्स स्थापित की जाएंगी।
वर्ष 2027 घोषित हुआ ‘युवा वर्ष’ (Youth Year)
पत्रकारों से चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार वर्ष 2027 को ‘युवा वर्ष’ के रूप में मनाने की तैयारी कर रही है।
“मध्य प्रदेश एक युवा राज्य है। ‘युवा वर्ष 2027’ के तहत रोजगारोन्मुखी पाठ्यक्रमों (Skill Development Courses) के जरिए युवाओं को आत्मनिर्भर बनाया जाएगा, ताकि वे प्रदेश और देश की प्रगति में अपना योगदान दे सकें।”






