MP में 34 गाँव की ज़मीन पर की खरीदी और बिक्री पर से रोक हटी जानिए पुरी जानकारी
MP में 34 गाँव की ज़मीन पर की खरीदी और बिक्री पर से रोक हटी जानिए पुरी जानकारी यह सड़क 64 किमी लंबी और 80 मीटर चौड़ी है और इंदौर जिले के 34 गांवों को शामिल करती है। एनएचआइ ने जिला प्रशासन से भी कहा कि गांवों की जमीन को नामांतरण, बटांकन और डायवर्शन नहीं करने के साथ-साथ उसकी खरीद-बिक्री पर भी रोक लगानी चाहिए। यह मार्ग इंदौर और धार से गुजरेगा और एनएच-52 में नेटेरेक्स के निकट से शुरू होकर शिप्रा के निकट एक बायपास से गुजरेगा।
सड़क किस गांव के खसरे की जमीन से गुजरेगी। भूमि अधिग्रहण के लिए प्रस्ताव जिला प्रशासन को भेजा गया। जिला प्रशासन ने वरिष्ठ जिला पंजीयक को पत्र लिखकर भू-अर्जन वाले खसरों की जानकारी दे दी और बाकी जमीनों की खरीदी-बिक्री पर रोक हटाने का भी लिख दिया।
जून से काम शुरू
एनएचआइ की योजना अनुसार फरवरी से मुआवजा बांटा जाएगा और जून से काम शुरू होगा। जमीन प्राप्त करने का काम एसडीएम देपालपुर, हातोद और सांवेर करेंगे। धार की दो तहसील लगती हैं जब पूरी जमीन तीनों तहसीलों में मिलती है।
रिंग रोड 64 किमी है और 39 गांवों को शामिल करता है। इनमें 34 इंदौर जिले के हैं, जबकि पांच इंदौर जिले के हैं। 600 हेक्टेयर जमीन में से 50 हेक्टेयर सरकारी है। उस पर सड़क सहित दो बड़े पुल और 30 छोटे पुल और तीन रेल ओवर ब्रिज बनाए जाएंगे।