Latestधर्म

कलकत्ता हाई कोर्ट ने लगाया छठ पूजा जुलूस पर बैन, पूजा के नियम भी तय किए

Chhath Puja 2020 Procession: कलकत्ता उच्च न्यायालय ने पश्चिम बंगाल में छठ पूजा के जुलूस पर प्रतिबंध लगा दिया। वहीं छठ पूजा के नियम भी तय किए हैं। हाई कोर्ट के आदेश के मुताबिक, प्रति परिवार केवल दो सदस्यों को पूजा करने के लिए तालाब या नदी में प्रवेश करने की अनुमति होगी। साथ ही, शहर की दो सबसे बड़ी झीलों, रबींद्र सरोवर और सुभाष सरोवर में आमजन का प्रवेश रोक दिया गया है। इससे पहले, नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) ने रवींद्र सरोवर में छठ पूजा पर प्रतिबंध लगा दिया था। मालूम हो, दीवाली पर यह पटाखे बेचने या जलाने पर पहले ही रोक लगाई जा चुकी है।

उच्च न्यायालय के अधिवक्ता सब्यसाची चटर्जी ने बताया, वाहनों में आने वाले भक्तों को सामाजिक दूरी बनाए रखनी होगी और सभी को नीचे नहीं जाने दिया जाएगा। परिवार के अन्य सदस्य घर पर रहें। पूजा के लिए आने वालों के लिए मास्क पहनना अनिवार्य कर दिया गया है। इससे पहले नवंबर में, उच्च न्यायालय ने काली पूजा और छठ पूजा सहित सभी पूजाओं के दौरान पटाखे फोड़ने पर प्रतिबंध लगा दिया था।

हाई कोर्ट ने पुलिस को यह सुनिश्चित करने के लिए कहा है कि कोलकाता में किसी भी पटाखे की बिक्री या उपयोग न हो क्योंकि उच्च न्यायालय और एनजीटी द्वारा 30 नवंबर तक पटाखे प्रतिबंधित किए जा चुके हैं। भीड़ जुटने से रोकने के लिए इलाके में धारा 144 लगाई गई है।

2019 में नहीं हुआ था नियमों का पालन

इससे पहले एनजीटी के प्रतिबंध के बावजूद, छठ अनुष्ठान करने के लिए सैकड़ों भक्तों ने नवंबर 2019 में रवीन्द्र सरोवर के द्वार खोल दिए ते। उन्होंने पटाखे भी फोड़ दिए और सरोवर में ड्रम बजाया था। यह सब तब हुआ था जब सरकार ने अनुष्ठानों के लिए शहर में वैकल्पिक जल निकायों की व्यवस्था की थी। इस घटना ने सुर्खियां बटोरीं और भारी विवाद खड़ा हो गया था।

Leave a Reply

Back to top button