NSE ला रहा है देश का ‘सबसे बड़ा’ IPO: ₹23,000 करोड़ जुटाने की तैयारी; हुंडई और LIC के रिकॉर्ड को ध्वस्त करेगा नेशनल स्टॉक एक्सचेंज
NSE ला रहा है देश का ‘सबसे बड़ा’ IPO: ₹23,000 करोड़ जुटाने की तैयारी; हुंडई और LIC के रिकॉर्ड को ध्वस्त करेगा नेशनल स्टॉक एक्सचेंज भारतीय शेयर बाजार के इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) खुद को बाजार में लिस्ट करने की तैयारी के अंतिम चरण में है। सूत्रों के मुताबिक, जून के अंत तक बाजार नियामक सेबी (SEBI) के पास ड्राफ्ट पेपर (DRHP) फाइल किया जा सकता है। अगर सब कुछ योजना के अनुसार रहा, तो दिसंबर 2026 तक एनएसई के शेयर बाजार में ट्रेड करते नजर आएंगे।
NSE ला रहा है देश का ‘सबसे बड़ा’ IPO: ₹23,000 करोड़ जुटाने की तैयारी; हुंडई और LIC के रिकॉर्ड को ध्वस्त करेगा नेशनल स्टॉक एक्सचेंज
₹23,000 करोड़ का मेगा इश्यू
एनएसई इस आईपीओ के जरिए अपनी करीब 4 से 4.5 प्रतिशत हिस्सेदारी बेच सकता है। इस बिक्री से एक्सचेंज का लक्ष्य 23,000 करोड़ रुपये जुटाने का है। यह रकम इतनी बड़ी है कि यह हुंडई इंडिया (2024) और एलआईसी (2022) जैसी दिग्गज कंपनियों के पिछले सभी रिकॉर्ड तोड़ देगी।
8 साल का लंबा और उतार-चढ़ाव भरा इंतजार
एनएसई की लिस्टिंग की राह आसान नहीं रही है:
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2016 में पहली कोशिश: एक्सचेंज ने पहली बार 2016 में ₹10,000 करोड़ के लिए पेपर दाखिल किए थे।
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को-लोकेशन विवाद: विवादों के चलते सेबी ने इस पर रोक लगा दी थी, जिससे प्रक्रिया 8 साल तक लटकी रही।
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मजबूत तैयारी: अब एक्सचेंज ने 20 दिग्गज मर्चेंट बैंकर्स और लॉ फर्म्स की टीम तैयार की है ताकि इस बार लॉन्चिंग में कोई कसर न रहे।
एसबीआई (SBI) भी भुनाएगा मौका
एसबीआई के चेयरमैन सीएस सेट्टी ने संकेत दिए हैं कि बैंक अपनी कुछ हिस्सेदारी इस आईपीओ के जरिए बेच सकता है। वर्तमान में एसबीआई और उसकी सब्सिडियरी के पास एनएसई की करीब ₹43,500 करोड़ की हिस्सेदारी है। इस मेगा आईपीओ से न केवल बड़े संस्थानों बल्कि रिटेल निवेशकों को भी एनएसई का ‘मालिक’ बनने का मौका मिलेगा।

