एनओसी के बदले रिश्वत लेना निगम कर्मी को पड़ा महंगा,निगमायुक्त  तपस्या परिहार ने सहायक ग्रेड -2 आलोक गर्ग को किया तत्काल प्रभाव से निलंबित

IMG 20261102 WA0031

एनओसी के बदले रिश्वत लेना निगम कर्मी को पड़ा महंगा,निगमायुक्त  तपस्या परिहार ने सहायक ग्रेड -2 आलोक गर्ग को किया तत्काल प्रभाव से निलंबि

 

कटनी – शासकीय कार्यों में पारदर्शिता, जवाबदेही एवं अनुशासन बनाए रखने के प्रति नगर निगम प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए रिश्वत लेने के मामले में निगम के सहायक ग्रेड-2 श्री आलोक गर्ग को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। एनओसी जारी करने के एवज में रिश्वत लेने के मामले में लोकायुक्त टीम जबलपुर द्वारा ट्रैप किए जाने की जानकारी सामने आने के बाद निगमायुक्त सुश्री तपस्या परिहार ने निलंबन की यह कार्रवाई की है।

 

जारी आदेश के अनुसार, दिनांक 23 अक्टूबर 2026 को विभिन्न समाचार पत्रों एवं सोशल मीडिया के माध्यम से यह जानकारी प्राप्त हुई थी कि निगम की संपदा शाखा में पदस्थ सहायक ग्रेड-2 श्री आलोक गर्ग को एनओसी के बदले रिश्वत लेने के मामले में लोकायुक्त टीम जबलपुर द्वारा ट्रैप किया गया है। इस संबंध में उप पुलिस अधीक्षक, कार्यालय पुलिस अधीक्षक, विशेष पुलिस स्थापना लोकायुक्त कार्यालय जबलपुर संभाग जबलपुर से प्राप्त पत्र में श्री गर्ग के विरुद्ध भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई किये जाने का लेख किया गया है।

 

आदेश में उल्लेख किया गया है कि श्री गर्ग का उक्त कृत्य शासकीय सेवक के आचरण के प्रतिकूल एवं अशोभनीय है, जिससे नगर निगम की छवि धूमिल हुई है उक्त कृत्य मध्यप्रदेश सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम 3 (1) एवं (2) का उल्लंघन होकर कदाचरण की श्रेणी में आता है। जिसे गंभीरता से लेते हुए निगमायुक्त सुश्री परिहार ने मध्यप्रदेश सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम 9 (1) के तहत कार्यवाही करते हुए श्री आलोक गर्ग को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।

इसे भी पढ़ें-  40 टन कोयले के नीचे 9 घंटे तक दबा रहा कंडक्टर, घोरचत्र नदी के पास खाई में पलटा ट्रक; रेस्क्यू कर निकाला बाहर

 

निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय निगम के विवेकानंद सभागार, जोन कार्यालय क्रमांक-1 निर्धारित किया गया है निलंबन अवधि में इन्हे नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता रहेगी। वहीं, श्री आलोक गर्ग के निलंबन के उपरांत ट्रांसपोर्ट नगर योजना से संबंधित समस्त लिपिकीय कार्यों का दायित्व सहायक राजस्व निरीक्षक श्री धनंजय सिंह भदौरिया को उनके वर्तमान दायित्वों के साथ सौंपा गया है। यह व्यवस्था आगामी आदेश तक प्रभावशील रहेगी।