विकसित भारत यंग लीडर डायलॉग 2027 के लिए एनएसएस स्वयंसेवकों को किया प्रेरित,महाविद्यालयों में पोस्टर विमोचन के साथ आयोजित हो रहे संवाद कार्यक्र
कटनी। विकसित भारत यंग लीडर डायलॉग 2027 में युवाओं की अधिकाधिक सहभागिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिले के विभिन्न महाविद्यालयों में राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) की इकाइयों द्वारा जागरूकता एवं संवाद कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय, जबलपुर के अंतर्गत संचालित महाविद्यालयों के एनएसएस स्वयंसेवकों को अभियान से जोड़ने के लिए पोस्टर विमोचन कर उन्हें पंजीयन के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
अभियान के माध्यम से स्वयंसेवकों को विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की भूमिका, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय सहभागिता के महत्व की जानकारी दी जा रही है। साथ ही युवाओं को अपनी प्रतिभा, विचारों और नेतृत्व क्षमता को राष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत करने के अवसरों से अवगत कराया जा रहा है।
जिले के विभिन्न महाविद्यालयों में आयोजित कार्यक्रमों के दौरान एनएसएस स्वयंसेवकों से संवाद कर उन्हें अधिक से अधिक संख्या में पंजीयन कराने तथा अन्य युवाओं को भी अभियान से जोड़ने का आह्वान किया गया। कार्यक्रम अधिकारियों ने कहा कि युवा शक्ति अपनी ऊर्जा, नवाचार और नेतृत्व क्षमता के माध्यम से विकसित भारत के संकल्प को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
इस अवसर पर कार्यक्रम समन्वयक डॉ. शोभाराम मेहरा, डॉ. सुनील कुमार बाजपेई, प्राचार्य डॉ. चित्रा प्रभात, प्राचार्य डॉ. नरेंद्र बड़खेड़कर, प्राचार्य जय चड्ढा, जिला संगठक डॉ. रुक्मणी प्रताप सिंह, कार्यक्रम अधिकारी डॉ. माधुरी गर्ग, आलोक कुमार मिश्रा, शिल्पी कुमारी सिंह, डॉ. प्रतिमा सिंह, अब्दुल बारी, डॉ. शैलेंद्र वर्मा, रिचा दुबे सहित एनएसएस के वरिष्ठ स्वयंसेवक उपस्थित रहे।