Thursday, April 30, 2026
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MP Railway News : मध्य प्रदेश के 393 स्टेशनों पर मुफ्त में देखें ट्रेनों की लोकेशन, खुद का इंटरनेट डाटा नहीं होगा खर्च

MP Railway News भोपाल । मध्य प्रदेश के 393 प्रमुख स्टेशनों पर मुफ्त में ट्रेनों की लोकेशन देख सकते हैं। इसके लिए आपके मोबाइल का इंटरनेट डाटा उपयोग नहीं करना होगा, बल्कि प्रमुख स्टेशनों पर रेलवे इंटरनेट सेवा उपलब्ध करवा रहा है। यदि ट्रेनों के आने में समय हो तो इस अवधि में इंटरनेट सेवा से जुड़कर अपने काम भी निपटा सकेंगे।

दरअसल, रेलवे ने भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, उज्जैन, जबलपुर समेत 393 प्रमुख स्टेशनों पर वाईफाई सेवा चालू करने का काम पूरा कर लिया है। यह काम 2016 से चल रहा था। भोपाल रेल मंडल के स्टेशनों पर यह काम पहले ही पूरा कर लिया था। सितम्बर 2021 में मप्र के बाकी स्टेशनों पर यह सेवा चालू कर दी गई है। अब प्रमुख स्टेशनों में से कोई भी ऐसा नहीं है, जहां रेलवे यात्रियों को मुफ्त में वाईफाई सुविधा न दे रहा हो।

मुफ्त वाईफाई सेवा के पीछे रेलवे का मकसद है कि डिजिटल का लोग ज्यादा से ज्यादा उपयोग कर सके। साथ ही शहरी और ग्रामीण नागरिकों के बीच डिजिटल दूरी को खत्म करना है।

अभी उपयोग करने वाले यात्री नहीं, इसलिए स्पीड भी खूब

अभी रेलवे स्टेशनों पर लॉकडाउन के कारण यात्रियों का दबाव नहीं है। न के बराबर यात्री पहुंच रहे हैं। इस वजह से वाईफाई की स्पीड भी खूब मिल रही है। यात्री प्लेटफार्म व स्टेशन परिसर में बैठकर आसानी से वाईफाई सेवा का लाभ ले सकते हैं। बता दें कि सामान्य दिनों में स्टेशनों पर यात्रियों का दबाव रहता है। तब उपयोगर्ता भी हजारों की संख्या में होते हैं इस वजह से वाईफाई सेवा पर दबाव रहता है, स्पीड कम मिलती है। अभी ऐसा नहीं है।

डब्ल्यूसीआर में 272 स्टेशन

मध्य प्रदेश के ज्यादातर रेलवे स्टेशन पश्चिम मध्य रेलवे जबलपुर जोन के कार्य क्षेत्र में आते हैं। इनमें से 272 रेलवे स्टेशनों पर वाईफाई सेवा शुरू की जा चुकी है। इसी जोन में भोपाल, हबीबगंज, इटारसी, बीना, जबलपुर, गुना, हरदा, पिपरिया विदिशा जैसे स्टेशन आते है। मध्य प्रदेश में मध्य रेलवे, उत्तर रेलवे की सीमा भी लगती है।

सभी प्रमुख स्टेशनों पर वाईफाई सेवा शुरू कर दी गई है। यात्री इसका लाभ ले रहे हैं। स्टेशनो पर वाईफाई से सुविधा सेवा शुरू करने में पश्चिम मध्य रेलवे जबलपुर जोन ने बेहतर काम किया है।

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम