पुलिस को आरोपी शिवम अग्रवाल के मोबाइल में मनजिंदर का वीडियो मिला है, जिसमें उन्होंने धोखाधड़ी का खुलासा किया। इसके अलावा, गाजियाबाद का अपराधी परवेज सैफी ट्रांसप्लांट के लिए वाहन उपलब्ध कराता था और कई बार मेरठ से कानपुर तक आरोपी टीम को ले गया।
वीडियो में दिखाया गया है कि परवेज सैफी और डॉ. अफजल नोटों की गड्डियों के साथ बैठे हैं। पुलिस अब शिवम अग्रवाल की रिमांड लेने वाली है, जिससे कई सवालों के जवाब और ट्रांसप्लांट नेटवर्क के अन्य पहलुओं का खुलासा होने की उम्मीद है।

