अटलांटिक महासागर में MV Hondius क्रूज पर हंता वायरस का हमला, 8 मामले आए सामने; जानिए कितना खतरनाक है ‘एंडीज वायरस’
अटलांटिक महासागर में MV Hondius क्रूज पर हंता वायरस का हमला, 8 मामले आए सामने; जानिए कितना खतरनाक है ‘एंडीज वायरस’। कोरोना के बाद अब दुनिया के सामने एक नए वायरस ने चिंता बढ़ा दी है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने 7 मई को एक आपातकालीन प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि अटलांटिक महासागर में मौजूद क्रूज शिप MV Hondius पर हंता वायरस का संक्रमण फैल गया है। अब तक जहाज पर 8 संक्रमित मिले हैं, जिनमें से 3 लोगों की दर्दनाक मौत हो चुकी है।
अटलांटिक महासागर में MV Hondius क्रूज पर हंता वायरस का हमला, 8 मामले आए सामने; जानिए कितना खतरनाक है ‘एंडीज वायरस’
क्यों खास और खतरनाक है यह वायरस?
WHO प्रमुख डॉ. टेड्रोस एडहानोम घेब्रेयसस ने बताया कि इस बार संक्रमण का कारण एंडीज वायरस (Andes Virus) है। यह हंता वायरस की एक बेहद दुर्लभ प्रजाति है। आमतौर पर हंता वायरस चूहों से इंसानों में फैलता है, लेकिन एंडीज वायरस की खासियत यह है कि यह ‘इंसान से इंसान’ में भी फैल सकता है। यही कारण है कि स्वास्थ्य एजेंसियां इसे लेकर हाई अलर्ट पर हैं।
WHO की प्रेस कॉन्फ्रेंस की 3 बड़ी बातें:
- कम जोखिम, मगर सतर्कता: डॉ. टेड्रोस ने कहा कि फिलहाल वैश्विक स्तर पर जोखिम कम है, लेकिन अंतरराष्ट्रीय स्वास्थ्य विनियम (IHR) के तहत निगरानी तेज कर दी गई है।
- बढ़ सकते हैं मामले: वायरस की ‘इनक्यूबेशन अवधि’ (लक्षण दिखने का समय) लंबी होने के कारण आने वाले दिनों में और भी यात्री संक्रमित पाए जा सकते हैं।
- अंतरराष्ट्रीय सहयोग: प्रभावित देशों के साथ मिलकर यात्रियों की सुरक्षा और संक्रमण रोकने के लिए काम किया जा रहा है।
संक्रमण के लक्षण और फैलाव
विशेषज्ञों के अनुसार, हंता वायरस की शुरुआत सामान्य फ्लू (तेज बुखार, सिरदर्द, बदन दर्द) जैसी होती है। लेकिन स्थिति बिगड़ने पर:
- सीने में भारी जकड़न और सांस लेने में तकलीफ होती है।
- फेफड़ों में पानी भर सकता है (HPS)।
- गंभीर स्थिति में किडनी और अन्य अंग काम करना बंद कर सकते हैं।
सावधानी की सलाह: हंता वायरस मुख्य रूप से संक्रमित चूहों के मल-मूत्र या लार के संपर्क में आने से फैलता है। क्रूज शिप पर मौजूद यात्रियों को आइसोलेशन में रखकर जांच की जा रही है।

