द्वारका नगर में श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन भक्तिरस में डूबे श्रद्धालु

भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं का हुआ भावपूर्ण वर्णन, कथा पंडाल में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

जबलपुर(YASHBHARAT.COM)। द्वारका नगर स्थित श्री शिव दुर्गा मंदिर परिसर में श्री शिव दुर्गा मंदिर महिला मंडल के तत्वावधान में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा के तीसरे दिन श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। कथा पंडाल में सुबह से ही श्रद्धालुओं की आवाजाही बनी रही और शाम होते-होते पूरा परिसर भक्तिमय वातावरण से सराबोर हो गया।

कथाव्यास पं. महेन्द्र दुबे (पनागर) ने श्रीमद्भागवत महापुराण के दिव्य प्रसंगों का वर्णन करते हुए कहा कि भागवत कथा मनुष्य को धर्म, भक्ति और सदाचार के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देती है। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में भागवत कथा केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि समाज को सकारात्मक दिशा देने का सशक्त माध्यम है।

कथा के दौरान भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, भक्तों पर उनकी कृपा तथा धर्म स्थापना से जुड़े प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथा श्रवण के दौरान श्रद्धालु भक्ति रस में डूबे नजर आए और पूरे पंडाल में “राधे-राधे” एवं “जय श्रीकृष्ण” के जयघोष गूंजते रहे।

कथाव्यास ने कहा कि कलियुग में भगवान के नाम का स्मरण और भागवत कथा का श्रवण मनुष्य के जीवन में आत्मिक शांति एवं आध्यात्मिक उन्नति का मार्ग प्रशस्त करता है। कथा के बीच प्रस्तुत भजनों एवं संकीर्तन ने वातावरण को और अधिक भक्तिमय बना दिया।

यह आयोजन श्री परम पूज्य कूड़ा वाले दद्दा जी के आशीर्वाद से संपन्न हो रहा है। कथा में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष एवं युवा श्रद्धालु उपस्थित होकर धार्मिक लाभ प्राप्त कर रहे हैं।

आयोजन समिति की सदस्य सुधा मिश्रा, किरण विश्वकर्मा, वर्षा झा, शालू शर्मा, रमला जी, शोभा झा, गीता कटारिया, प्रमिला उपाध्याय, मालती भार्गव, ज्योति, रमेश चन्द्र झा एवं राजेश झा सहित अन्य पदाधिकारी व्यवस्थाओं में सक्रिय रूप से जुटे रहे।

महिला मंडल ने क्षेत्र के धर्मप्रेमी श्रद्धालुओं से आगामी दिनों में भी अधिक से अधिक संख्या में उपस्थित होकर कथा श्रवण करने की अपील की है। सात दिवसीय श्रीमद्भागवत कथा का समापन 9 जून 2026 को होगा।

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