फेसबुक मैसेंजर हैकिंग के बाद शुरू हुई वाट्सएप मैसेज के जरिए ठगी
जबलपुर पुलिस ने जारी किया “साइबर फ्रॉड अलर्ट”
जबलपुर। सावधान! फेसबुक मैसेंजर हैक करने करने के बाद अब वाट्सएप मैसेज के जरिए ठगी शुरू हो गई है। लोगों के परिचितों व रिश्तेदारों को व्हाट्सएप के जरिए मैसेज कर पैसे मांगे जा रहे हैं। हालांकि इसमें वो नंबर दूसरा इस्तेमाल कर रहे हैं लेकिन भरोसा दिलाने के लिए जिनके नाम पर पैसे मांगे हैं, उनकी फोटो भी भेज रहे हैं।
ऐसा ही एक मामला निशा बजाज ने फेसबुक पर शेयर किया है। जिसमें उन्होंने बताया कि किसी व्यक्ति ने उनके नाम पर रिश्तेदार से पैसे मांगे। रिश्तेदार को भरोसा दिलाने के लिए उनकी फोटो भी भेजी गई। हालांकि पैसे नहीं मिले तो उसने सारे मैसेज डिलीट कर दिए। निशा बजाज ने कहा कि उनके नाम से चैङ्क्षटग करने के बाद ठगी की कोशिश की गई। इस उदाहरण के जरिए उन्होंने बाकी लोगों को भी सचेत रहने की अपील की है।
फर्जी फेसबुक अकाउंट बना मांगे पैसे
महिला का फर्जी फेसबुक अकाउंट बनाकर ठगी का मामला सामने आया है। मनीश ने बताया कि किसी व्यक्ति ने उनकी पत्नी के नाम से फेसबुक अकाउंट बना लिया। उसमें स्पेलिंग में थोड़ा फर्क रख दिया लेकिन फोटो उनकी पत्नी की लगा दी। इसके बाद उसके मैसेंजर से फेसबुक से जुड़े दोस्तों व रिश्तेदारों को मैसेज भेजकर पैसे मांगने शुरू कर दिए। इसका पता उन्हें तब चला जब उनके पास फोन आने शुरू हुए।
हालांकि इसके बाद उन्होंने तुरंत फेसबुक अकाउंट के पासवर्ड चेंज कर प्राइवेसी लगा दी लेकिन तब तक दूसरे अकाउंट से कई लोगों को मैसेज जा चुके थे। कई लोगों ने ठग के बताए अकाउंट में पैसे भी डलवा दिए।
ऑनलाइन ठगी के रोजाना अब नए तरीके सामने आ रहे हैं। पहले एटीएम कार्ड बदलकर ठगी होती थी लेकिन अब ऑनलाइन ठग लोगों से एटीएम कार्ड ब्लॉक होने के नाम पर सीवीवी कोड व ओटीपी लेकर ठगी कर रहे हैं। पेटीएम केवाइसी के नाम पर भी ठगी के मामले भी सामने आ चुके हैं।
वहीं, इंटरनेट पर फर्जी कस्टमर केयर नंबर देकर भी उस पर फोन करने वालों के बहाने से एटीएम कार्ड की जानकारी लेकर या फिर एप डाउनलोड करवा ठगी की जा रही है। इसके अलावा भी कई तरीके सामने आ चुके हैं।
सतर्क रहें, ठगी से बचें
इस तरह की ऑनलाइन ठगी से बचने के लिए सतर्कता बहुत जरूरी है। सोशल मीडिया पर अपने अकाउंट में प्राइवेसी रखें ताकि फ्रैंड लिस्ट से बाहर का व्यक्ति आपका मोबाइल नंबर या फोटो न देख सके। किसी को फोन पर अपना एटीएम कार्ड नंबर, सीवीवी कोड व ओटीपी न बताएं क्योंकि बैंक की तरफ से इसके बारे में कभी नहीं पूछा जाता।कस्टमर केयर नंबर की जरूरत हो तो बैंक या शॉपिंग की अधिकृत यानि ऑफिशियल वेबसाइट से ही लें, गूगल में सर्च कर मिले नंबर पर संपर्क न करें क्योंकि ठगों ने वहां कई फर्जी नंबर दे रखे हैं। इसके अलावा किसी के कहने पर अपने मोबाइल में कोई एप डाउनलोड न करें।
जबलपुर पुलिस ने जारी किया अलर्ट
फेसबुक मैसेंजर के द्वारा किसी भी प्रकार की ठगी, फोन पे ,गूगल पे, पेटीएम द्वारा भी जिस प्रकार से लगातार पैसों की ठगी की जा रही है उसके बाद जबलपुर पुलिस अधीक्षक ने मामले को गंभीरता पूर्वक लिया है और तुरंत ही मामले में अलर्ट जारी किया है और इस दौरान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक क्राइम का भी नंबर जारी किया गया है और लोगों से अपील की गई है कि इस प्रकार के मैसेजेस से बचे और अगर कोई ठगने का भी प्रयास कर रहा है तो तुरंत ही जारी किए हुए नंबर पर कॉल करके शिकायत करें
