महापौर की पहल से व्यवस्थित हुआ बस स्टैंड, यात्रियों को मिली बड़ी राहत,अवैध अतिक्रमण हटाने नगर निगम की बड़ी कार्रवाई,ठेला संचालकों को हॉकर्स ज़ोन में कराया गया स्थानांतरित

महापौर की पहल से व्यवस्थित हुआ बस स्टैंड, यात्रियों को मिली बड़ी राहत,अवैध अतिक्रमण हटाने नगर निगम की बड़ी कार्रवाई,ठेला संचालकों को हॉकर्स ज़ोन में कराया गया स्थानांतरि
कटनी —मेयर इन काउंसिल बैठक में दिए गए स्पष्ट निर्देशों के परिपालन में शनिवार को नगर निगम कटनी के अतिक्रमण विभाग द्वारा शहर के प्रमुख एवं व्यस्ततम यात्री बस स्टैंड परिसर में व्यापक अतिक्रमण हटाने की सख्त कार्यवाही की गई। यह कार्यवाही लंबे समय से बस स्टैंड परिसर में व्याप्त अव्यवस्था, अवैध अतिक्रमण तथा यात्रियों को हो रही निरंतर असुविधाओं को दृष्टिगत रखते हुए की गई।
विदित हो कि बस स्टैंड परिसर में प्रतीक्षालय, प्लेटफॉर्म तथा प्रवेश-निकास मार्गों पर ठेले एवं अस्थायी दुकानें लगने के कारण यात्रियों को बसों तक पहुँचने, प्रतीक्षा करने तथा सामान के साथ आवागमन में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। इसके चलते न केवल यात्री परेशान हो रहे थे, बल्कि यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हो रही थी।
कार्यवाही के दौरान नगर निगम के अतिक्रमण दल द्वारा बस स्टैंड प्रतीक्षालय के ऊपर एवं प्लेटफॉर्म क्षेत्र में ठेले लगाकर व्यवसाय कर रहे लगभग 20 ठेला संचालकों को हटाया गया। निगम प्रशासन ने पूरी कार्यवाही के दौरान मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए सभी ठेला संचालकों को पूर्व से निर्मित एवं निर्धारित हॉकर्स ज़ोन में विधिवत रूप से स्थानांतरित कराया। इससे यह सुनिश्चित किया गया कि अतिक्रमण भी हटे और ठेला संचालकों के रोजगार पर भी कोई प्रतिकूल प्रभाव न पड़े।
इस सुनियोजित एवं प्रभावी कार्यवाही के परिणामस्वरूप बस स्टैंड प्लेटफॉर्म एवं आसपास का क्षेत्र पूर्णतः अतिक्रमण मुक्त हो गया। अतिक्रमण हटने के बाद यात्रियों को बसों तक सहज रूप से पहुँचने, सुरक्षित प्रतीक्षा करने तथा अपने सामान के साथ सुगम आवागमन में उल्लेखनीय राहत मिलेगी।
नगर निगम के अतिक्रमण प्रभारी मानेन्द्र सिंह ने बताया कि इस अभियान का मुख्य उद्देश्य सार्वजनिक स्थलों को सुव्यवस्थित रखना, सुचारू यातायात व्यवस्था बनाए रखना तथा यात्रियों की सुविधा एवं सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देना है। उन्होंने कहा कि नगर निगम द्वारा आगे भी इसी प्रकार की कार्यवाहियाँ नियमित रूप से की जाएँगी, ताकि शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर किसी भी प्रकार की अव्यवस्था या अतिक्रमण दोबारा न हो।







