Monday, May 4, 2026
Latest:
Latestमध्यप्रदेश

लाडली बहना योजना में सहयोग के लिए विजयराघवगढ़ में विधायक संजय पाठक के साथ जनपद, नगर परिषद अध्यक्ष भी है सक्रिय

ladli bahna yojana लाडली बहना योजना को लेकर संपूर्ण मध्यप्रदेश की तरह कटनी के विजयराघवगढ़ विधानसभा में अच्छा खासा उत्साह देखा जा रहा है, जहां महिलाएं लाडली बहना योजना के लिए अपने-अपने आवेदन करती नजर आ रही हैं। इतना ही नहीं नगरों के साथ ग्रामीण और दूरस्थ इलाकों में महिलाओं तक लाडली बहना योजना की आवेदन भरने का लाभ पहुंचाने के लिए जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सुधा कोल, नगर परिषद अध्यक्ष श्रीमती वसुधा मिश्रा,श्रीमती मनीषा शर्मा सरकारी अमले के साथ अलर्ट नजर आ रही है।

जिसका उदाहरण देखने में आ रहा है दिन तो दिन, बल्कि रात में भी लाडली बहना योजना के आवेदन फॉर्म महिलाओं से भराए जा रहे हैं। लाडली बहना योजना के आवेदन के लिए महिलाओं की लंबी कतारें आवेदन स्थल के आस-पास लगी नजर आ रहे हैं, जहां महिलाएं पूरे उत्साह के साथ लाडली बहना योजना के लिए आवेदन करती नजर आ रही हैं।

IMG 20230403 WA0064

पिछले दिनों विधायक संजय पाठक ने भी बहनों के बीच पहुंचकर बताया था कि यशस्वी मुख्यमंत्री  शिवराज सिंह चौहान द्वारा बहनों को आर्थिक संबल प्रदान करने के लिए योजना लाई गई है जिसमें बहनों को माह में 1 हजार रूपये के हिसाब से साल में 12 हजार रूपये मिलेगे ।

उनके द्वारा लाड़ली बहना योजना के प्रचार प्रसार के दो प्रचार वाहन विधानसभा में चलवाए जा रहे हैं गांव गांव तक 50 हजार फार्मों को निशुल्क बटवाया जा रहा है राज्य शासन द्वारा लाडली बहना योजना में आवेदन प्रक्रिया को बहुत सरल बनाया गया है। योजना के फॉर्म गाँव और शहर के वार्डों में भरवाए जा रहे हैं। बहनों को लोक सेवा केंद्र , बैंक या कही और जाने की जरूरत नहीं है। सभी गाँव में कर्मचारियों द्वारा फार्म भरवाये जा रहे हैं। जब तक सभी बहनों के आवेदन नहीं भर जाते तब तक शिविर जारी रहेंगे। आवेदन करते समय अपना नाम, पति का नाम, मोबाइल नंबर आदि दर्ज कराने के अलावा तीन जरूरी जानकारी बहनों के पास होनी चाहिए। पहला- स्वयं की अथवा परिवार की समग्र आईडी, दूसरा- आधार नंबर और तीसरा- समग्र में दर्ज मोबाइल नंबर। पहले आवेदन भरा जाएगा और उसके बाद ई-केवाईसी करवाई जाएगी। इसके लिए बहनों को कहीं जाने की जरूरत नहीं है। गाँव और शहर के वार्ड में ही ई-केवाईसी प्रक्रिया पूर्ण की जा रही है।

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम