उत्सवी माहौल, अकल्पनीय, बेजोड़ मैराथन

स्वच्छता व मतदान करने की अलख जगाते हुए दौड़ा शहर, रच दिया कीर्तिमान
जबलपुर, ,यभाप्र। रविवार 28 अक्टूबर 2018 की सुबह संस्कारधानी के इतिहास में उस समय स्वर्णाक्षरों में अंकित हो गई जब उत्सवी माहौल में जब हजारों धावकों ने हाफ मैराथन में अपूर्व उत्साह के साथ भाग लिया। इसमें विदेश धावक भी शामिल थे तो देश -प्रदेश के व सेना के जवान भी । अवसर था जबलपुर की पहली द मार्बल रॉक रन – 2018 यानी हाफ मैराथन का, जिसमें ढोल नगाड़ों रॉक बैंड की प्रस्तुतियों के बीच क्या बच्चे , क्या युवा, क्या महिलाएं यहां तक की उम्रदराज प्रतिभागियों में भी गजब का उत्साह से शिरकत की । खासतौर से बीमार प्रतिभागियों के साथ 80-85 साल के बुजुर्गों ने भी दौड़ पूरी की। जब सुबह अलग -अलग चरणों में प्रतिभागी एक साथ दौड़े तो हर किसी के चेहरे पर अलग स्फूर्ती नजर आ रही थी। 21 किलो मीटर की मैराथन के विजेता बने कीनियाईधावक इवोंस। जबकि महिला वर्ग में महाराष्ट्र की मोनिका ने बाजी मारी। 11 किलो मीटर की हाफ मैराथन भोपाल की मंजू यादव ने जीती। पुरूषों में सेना के प्रहलाद विजेता बने। सभी विजेता-उपविजेताओं को संभागायुक्त आशुतोष अवस्थी, कलेक्टर श्रीमती छवि भारद्वाज,नगर निगम कमिश्नर चन्द्रमौली शुक्ला ने नकद इनामों के साथ आकर्षक उपहार भी प्रदान किए। इसके पूर्व इस महाकुंभ का श्री गणेश संभागायुक्त श्री अवस्थी, कलेक्टर श्रीमती भारद्वाज, पुलिस अधीक्षक अमित सिंह, निगमायुक्त चन्द्रमौली शुक्ला, डीआई जी भगवत सिंह चौहान, अर्जुन अवार्डी सुश्री मधुयादव, अंतराष्ट्रीय धावक विजय तिवारी ने फ्लैग दिखा कर किया। राइट टाउन स्टेडियम से पहली दौड़ 21 किलोमीटर के प्रात: 6.15 बजे शुरू हुई। इस दौरान कड़ी सुरक्षा और बेहतर यातायात व्यवस्था की गई थी। कलेक्टर श्रीमती भारद्वाज ने शहरवासियों को धन्यवाद देते हुए आयोजन को अविस्मरणरीय व अकल्पनीय बताया।
धावकों को नकद व आकर्षक पुरस्कार
हाफ मैराथन के संबंध में निगमायुक्त चन्द्रमौलि शुक्ल ने बताया कि हाफ मैराथन में सम्मिलित होने वाले धावकों को आकर्षक पुरस्कार प्रदान किये गए । जिसमें 21 किलोमीटर तक दौडऩे वाले प्रथम विजेता धावक को 51 हजार, द्वितीय विजेता धावक को 31 हजार तथा तृतीय विजेता धावक को 21 हजार रूपये की राशि व आकर्षक पुरस्कार उपहार के रूप में भव्य प्रदान किए गए। इसी प्रकार 11 किलोमीटर तक के प्रथम धावक को 20 हजार, द्वितीय को 15 हजार एवं तृतीय को 10 हजार, की राशि एवं 5 किलोमीटर तक दौडऩे वाले प्रथम विजेता धावक को 5 हजार के साथ -साथ अन्य आकर्षक उपहार अन्य विजेता धावकों भी दिये गए । श्री शुक्ला ने अनुसार नगद राशि के अतिरिक्त धावकों को टायमिंग चिप, मैडल एवं टी-शर्ट भी प्रदान की गई।
सीनियर सिटीजन के लिए थे खास पुरस्कार
हाफ मैराथन में सीनियर सिटीजन के लिए अलग से प्रतियोगिता रखी गई थी। जिसमें 60 वर्ष से अधिक पुरुष और 45 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाएं शामिल हुईं। दोनों की कैटेगरी प्रथम तीन के विजेेंताओं को नकद पुरस्कार दिए गए।
जानकीरमण महाविद्यालय को मिले सर्वाधिक पुरस्कार
इस विराट आयोजन में जानकी रमणमहाविद्यालय ने चार पुरस्कार जीते। जिसमें संस्था के चेयरमैन शरदचंद पालन ने 86 साल की उम्र में 5 किलो मीटर की दौड़ पूरी कर 5000 हजार रुपए का इनाम जीता। उनके अलावा कैंसर पीडि़त डॉ अंजली शुक्ला, थैलीसीमिया पीडि़त विश्वजीत पटैल ने भी दौड़ पूरी की उन्हें भी 5-5 हजार रुपए की नकद इनाम दिए गए। इसके अलावा भारत माता के परिधान में शामिल हुईं महाविद्यालय की तीन छात्राओं श्रुति शुक्ला, मौनिका व वर्षा को भी नकद पुरस्कार दिया गया। इस मौके पर प्राचार्यं डॉ अभिजात कृष्ण त्रिपाठी,डॉ शक्ति सिह मंडलोई, डॉ आंनद राणा, डॉ कोशल दुबे,मनोज चौरसिया,सुजाता, साक्षी, नीरज पटेल आदि मौजूद रहे।
अलख जगाई गई
इस मैराथन के माध्यम से शहर को स्वच्छ बनाने, यातायात के नियमों का पालन करने तथा मताधिकार का प्रयोग करने की अलख जगाई गई।
उपचार व मनोरंजन की सुविधा
हाफ मैराथन के दौरान पूरे रुट में उपचार और मनोरंजन की सुविधा के साथ ही चलित व्यवस्थाएं भी की गई थीं।
अल सुबह से ही पहुंचे हजारों प्रतिभागी
रविवार तड़के से ही राइट टाउन परिसर में अथाह जन समुद्र उमड़ पड़ा था। जिसमें अधिकांश प्रतिभागी ही थे। आयोजन समिति के सदस्य एक एक प्रतिभागी से मिलकर उन्हें निर्देश देते रहे। खासतौर से बच्चों व महिलाओं में भारी उत्साह था।
यहां फिनिश वहा ंदौड़ते ही रहे लोग
लोगों के उत्साह का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता था कि मंजे धावकों ने दौड़ पूरी कर ली उसके बाद भी लोग दौड़ते रहे। सबमे दौड़ में भाग लेकर उसे पूरी करने का जुनून था। वे पैदल भी चले और दौड़े भी पर फिनिश जरूर की।
गजब को जज्बा, उम्र हावी नहीं रही
इस आयोजन में वैसे तो युवा वर्ग में ज्यादा उत्साह था। पर उम्रदराज व महिलाएं भी बड़ी संख्या में दौड़ीं। उन्होंने कहा कि जब दौडऩा है तो दौडऩा है। इसमें उम्र क्या देखना। इनमें कई की उम्र 80 साल से ऊपर थी तो कई की 45 से ऊपर। उनमें गजब का जज्बा देखा गया।
गूंजे हर रामा हरे कृष्णा, बांसुरी की मधुर तान
आयोजन के दौरान लोगों ने खूब एंजाय किया जिसमें । इस्कॉन मंदिर के सदस्यों ने ढोलक, मंजीरे के साथ हर रामा हरे कृष्णा की स्वरों के बीच शानदार नृत्य किया। जबकि रक्तदान महादान के लिए लोगों को पे्ररित करता दल भी शामिल हुआ। अल सुबह राइट टाउन स्टेडियम में सत्यम तिवारी की बांसुरी की तान ने सबको मोह लिया। इस मौके पर भांगड़ा भी हुआ। रॉक बैंड ने सबका मनोरंजन किया। समापन पर नगर के ख्यातिलब्ध अंतराष्ट्रीय श्याम बैंड की प्रस्तुति ने आयोजन को भव्यता प्रदान की ।
हम किसी से कम नहीं
इस विराट आयोजन में सबकी निगाहें ऐसी मातृशक्तियों पर थीं जो छोटे बच्चों के साथ पहुंची थी। इनमें से दो तीन महिलाएं अपने अबोध बच्चों को लेकर दौड़ में शामिल हुई। एक बेल्ट से बांधी थी तो दूसरी हाथ गाड़ी में बच्चे को लिए शामिल हुई। इनका कहना था कि वे स्वच्छ व स्वस्थ शहर को संदेश देने बच्चों को लेकर आए थे।
इनका रहा योगदान
इस आयोजन को सफल बनाने में यातायात पुलिस, शिक्षा विभाग, तकनीकि शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य, खेलकूद विभाग, आर्मी, रेल्वे, विद्युत मण्डल एवं सामाजिक संस्थाओं ने अपनी सहभागिता दी।
धावकों के लिए ये थे निर्धारित रूट
21 किमी के लिए तीन पत्ती, छोटी लाइन फाटक, ग्वारीघाट से टर्न होकर छोटी लाइन फाटक, सदर छावनी क्षेत्र से नागरथ चौक होते हुए राइट टाउन स्टेडियम में समाप्त हुई।
11 किमी दौड़ राइट टाउन स्टेडियम से तीन पत्ती से होते हुए छोटी लाइन फाटक, बादशाह हलवाई मंदिर से यू टर्न होकर छोटी लाइन फाटक, तीन पत्ती, राइट टाउन स्टेडियम पर खत्म हुई।
5 किमी के लिए राइट टाउन स्टेडियम से शुरू होकर तीन पत्ती, छोटी लाइन फाटक, गोरखपुर थान से यू टर्न होकर छोटी लाइन फाटक, तीन पत्ती और राइट टाउन स्टेडियम पर समाप्त होगी। 5 किमी की कैटेगरी में प्रतियोगिता नहीं रखी गई है।








