
कटनी। मौसमी बीमारियां सर्दी, जुकाम, खांसी व बुखार से पीडि़त लोगों की संख्या बढ़ रही है। जिला अस्पताल में प्रतिदिन मौसमी बीमारियों से पीडि़त सैकड़ों मरीज उपचार कराने के लिए पहुंच रहे हैं। सभी उम्र के लोगों को मौसमी बीमारियों का असर हो रहा है। लगातार मौसम खराब होने के कारण यह बीमारियां बढ़ रही हैं। जिले में पिछले 20 दिनों से मौसम खराब है। लगातार बारिश व बादल छाए रहने से सर्दी, जुकाम, मलेरिया तथा बुखार से पीडि़त लोगों की संख्या बढ़ रही है। सिविल सर्जन डॉ. यशवंत वर्मा ने बताया कि मौसम के कारण इस तरह की बीमारियां होती हैं। जिला अस्पताल उपचार कराने आने वाले सभी मरीजों के स्वास्थ्य की जांच करते हुए दवा दी जा रही है। जिला अस्पताल में करीब 10 बच्चे व 50 लोगों को भर्ती करके उपचार किया जा रहा है। लोगों को अधिक समय तक पानी में नहीं रहने, गुनगुना व उबालकर पानी पीने की सलाह दी जा रही है। बासा व दूषित भोजन नहीं करने की सलाह दी जा रही है। कई मरीजों को उल्टी-दस्त, पेट दर्द की भी शिकायत है। बारिश के मौसम में बिना ढंकी हुई खाद्य सामग्री का उपयोग नहीं करें। मौसम के कारण मच्छर, मक्खी खाद्य सामग्री पर बैठ जाती है। जिससे बीमारियां होती हैं। हाथों को बार-बार साबुन से जरूर धोएं। लगातार घर से बाहर रहने पर संक्रमण फैलने का खतरा बना रहता है। बहरहाल मौसमी बीमारियों के कारण अस्पतालों में मरीजों की भीड़ बढ़ती जा रही है। अस्पताल में सर्दी, खांसी-जुकाम, बुखार, और एलर्जी जैसे रोगियों की संख्या सबसे ज़्यादा होती है। अस्पताल में मरीजों की बढ़ती संख्या की वजह से जिला अस्पताल सहित सामुदायिक व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में बेड कम पड़ रहे हैं।
इन बातों का रखें ध्यान
-पूरी बांह के कपड़े पहनें।
-मच्छर रोधी क्रीम, अगरबत्ती या मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।
-टंकियों और बर्तनों को ढंककर रखें।
-सप्ताह में एक बार इनको खाली करके सुखाएं।
-छत पर कबाड़, टायर, डब्बे वगैरह न रखें।








