जबलपुर: प्रधानमंत्री मोदी ने मंडला में पंचायती राज दिवस पर आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि गांधी जी ने कहा था भारत की पहचान गांवों से हैं। उन्होंने कहा कि गांधी के सपने को हम साकार करेंगे। उन्होंने कहा कि मां नर्मदा ने हमें जीवन, अन्न और समृद्धि दी है।
मां नर्मदा को मैं बार-बार प्रणाम करता हूं। वहीं मोदी ने POCSO एक्ट में किए गए बदलाव के बारे में पहली बार खुल कर अपनी बात सामने रखी। उन्होंने कहा कि जो भी राक्षसी काम करेगा, उसे फांसी पर लटकाया जाएगा। आज की केंद्र सरकार लोगों की भावनाओं को समझती है और उसके हिसाब से निर्णय ले रही है। ये एक सामाजिक बदलाव है, हमें अपने लड़कों को भी समझाना होगा. बेटों को बेटियों की इज्जत करना सिखाना होगा। परिवारों को घर के अंदर ही इस बदलाव को शुरू करना होगा।
नई योजना का शुभारंभ
ग्रामीण विकास मंत्री नरेन्द्र सिंह तोमर ने बताया कि पंचायत प्रतिनिधियों के सम्मेलन में प्रधानमंत्री पंचायत प्रतिनिधियों को राष्ट्रीय पुरस्कार भी प्रदान करेंगे और राष्ट्रीय ग्राम स्वराज अभियान योजना का शुभारंभ भी करेंगे। प्रधानमंत्री के सम्बोधन का देश की लगभग ढाई लाख पंचायतों में सीधा प्रसारण किया जायेगा। तोमर ने बताया कि दो दिवसीय समारोह के पहले दिन जबलपुर में ‘पंचायत की चौपाल में चर्चा’ कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें पंचायतों में आर्थिक विकास, सामाजिक और सतत विकास लक्ष्य, युवा पंचायत, डिजिटल पंचायतों के माध्यम से ग्रामीण परिवर्तन और स्वच्छ भारत अभियान पर चर्चा की गई।
हाईटेक होंगे पंचायत भवन
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि देश की दो लाख 44 हजार ग्राम पंचायतों में ग्राम पंचायत विकास योजना (जीपीडीपी) तैयार की गई है, जिससे अच्छा संकेत मिलता है, लेकिन वहां तकनीक की समस्या है। काम में गति लाने और तकनीकी के उपयोग के लिए पंचायत प्रतिनिधियों को प्रशिक्षण देना जरुरी है। वर्तमान में जो व्यवस्था है, उसमें इस कार्य को पूरा करने में बहुत अधिक समय लगता है। सरकार चाहती है कि पंचायत चुनाव के 6 माह के अंदर ही प्रशिक्षण का कम से कम एक चरण पूरा कर कर लिया जाए। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायतों के कार्यालय भवन के निर्माण एवं तकनीकी सुदृढ़ीकरण पर अधिक ध्यान दिया जा रहा है और इसके लिए अलग से राशि का प्रावधान भी किया गया है।
PM से पहले सीएम करेंगे 8 कलेक्टरों से चर्चा
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान 23 अप्रैल को 8 जिलों के उन कलेक्टरों से चर्चा करेंगे। जिनसे 24 अप्रैल को पीएम मोदी चर्चा करने वाले हैंं। मुख्यमंत्री ने कलेक्टरों को सोमवार को भोपाल बुलाया है। मुख्यमंत्री ने कलेक्टरों से कहा है कि वे पूरा अध्ययन करके जाएं। रामनगर में होने वाले कार्यक्रम में पहले पीएम का भाषण होगा। उसके बाद वे जनप्रतिनिधि एवं कलेक्टरों से चर्चा करेंगे।
27 जिलों से जाएगी भीड़
प्रधानमंत्री की सभा में भीड़ जुटाने के लिए राज्य सरकार ने 27 जिलों के पंचायत के लोगों को बसों से ले जाने की तैयारी की है। जिन जिलों से भीड़ जाना है उनमें जबलपुर, कटनी, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, शहडोल, उमरिया, डिंडौरी, अनूपपुर, रीवा, सिंगरौली, सीधी, सतना, सागर, दमोह, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़, होशंगाबाद, बैतूल, हरदा, भोपाल, सीहोर, रायसेन एवं विदिशा जिले के नाम शामिल हैं। इस संबंध में पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैस ने छह संभाग एवं 27 जिलों के कलेक्टरों को सीधे फरमान जारी किया है।

