कटनी। नक्सली मुठभेड़ में वीरगति को प्राप्त हुए कटनी के नीलेश गर्ग, पूरा शहर देगा अंतिम विदाई। मध्यप्रदेश के कटनी जिले के ग्राम निटर्रा निवासी नीलेश गर्ग नक्सलियों से हुई मुठभेड़ में देश की रक्षा करते हुए शहीद हो गए। यह मुठभेड़ सोमवार देर रात छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले में हुई। नीलेश गर्ग के शहीद होने की खबर जैसे ही उनके गांव पहुंची वहां सन्नाटा छा गया। घटना सेगांव और जिले में शोक की लहर है। 24 घंटे बाद बुधवार को पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।
मंगलवार की शाम तक कटनी पहुंचेगा पार्थिव शरीर
सीआरपीएफ हेडक्वार्टर से मिली जानकारी के अनुसार, मुठभेड़ की आधिकारिक सूचना मंगलवार को परिजनों को दी गई। बताया जा रहा है कि मंगलवार की शाम तक शहीद नीलेश का पार्थिव शरीर कटनी पहुंचेगा। बुधवार को पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।
सीआरपीएफ हेडक्वार्टर से मिली जानकारी के अनुसार मंगलवार शाम तक शहीद का पार्थिव शरीर कटनी पहुंचेगा। बुधवार को पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा।
परिजनों ने कहा कि भले ही नीलेश अब हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उन्हें गर्व है कि उनका बेटा मातृभूमि की रक्षा करते हुए वीरगति को प्राप्त हुआ। गांव और जिले के लोग शहीद को श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं।
नीलेश गर्ग वर्ष 2005 में सीआरपीएफ में भर्ती हुए थे और वर्तमान में हवलदार के पद पर पदस्थ थे। उनका परिवार कटनी बस स्टैंड के समीप शिवाजी नगर गली नंबर 10 में निवास करता है।
शहीद के पिता ललित गर्ग पुलिस विभाग से सेवानिवृत्त हैं। छोटे भाई मुंबई नेवी में पदस्थ हैं। नीलेश की पत्नी अधिवक्ता हैं और उनका 10 वर्षीय पुत्र है। बताया गया कि शहीद की ड्यूटी सुकमा के अस्पताल में थी, लेकिन अचानक हुई नक्सली मुठभेड़ में उन्हें भेजा गया, जहाँ गोली लगने से उन्होंने वीरगति पाई।

