Latest

MP होमगार्ड में नारी शक्ति का शंखनाद: महिलाओं के लिए 33% पद होंगे सुरक्षित, ‘कॉल ऑफ’ नियम भी होगा खत्म

भोपाल।MP होमगार्ड में नारी शक्ति का शंखनाद: महिलाओं के लिए 33% पद होंगे सुरक्षित, ‘कॉल ऑफ’ नियम भी होगा खत्म।देश में महिला सशक्तीकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए मध्य प्रदेश सरकार अब होमगार्ड विभाग के द्वार महिलाओं के लिए पूरी तरह खोलने जा रही है। ‘नारी शक्ति वंदन संशोधन विधेयक’ के विधायी घटनाक्रमों के बीच, प्रदेश के होमगार्ड मुख्यालय ने विभाग में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत पद आरक्षित करने का एक ठोस प्रस्ताव शासन को भेजा है।

### कठिन चुनौतियों को मात देने को तैयार बेटियां

अब तक होमगार्ड की ड्यूटी को जिला पुलिस बल की तुलना में अधिक कठिन माना जाता था, जिस कारण इसमें महिलाओं की सीधी भर्ती का कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं था। लेकिन बदलते समय के साथ सेवा की शर्तें सुगम हुई हैं और महिलाओं ने अपनी कार्यक्षमता का लोहा मनवाया है।

उदाहरणनक्सल प्रभावित इलाकों (बालाघाट, मंडला, डिंडौरी) में ‘विशेष सहयोगी दस्ता’ की भर्ती में 30% से अधिक भागीदारी महिलाओं की रही, जिसने यह साबित कर दिया कि वे किसी भी मोर्चे पर पीछे नहीं हैं।

प्रमुख कार्य:अब महिला होमगार्ड आपदा प्रबंधन, चुनाव ड्यूटी और कानून-व्यवस्था जैसे विशेष कार्यों में सक्रिय भूमिका निभाएंगी।

‘कॉल ऑफ’ की दोहरी मार से मिलेगी मुक्ति

भर्ती में आरक्षण के साथ-साथ एक और बड़ा बदलाव होने जा रहा है। होमगार्ड जवानों को हर तीन साल में दो महीने की ड्यूटी से बाहर (कॉल ऑफ) रखने की पुरानी व्यवस्था को समाप्त करने की तैयारी है।

आरक्षण:  होमगार्ड भर्ती में 33% महिलाओं का कोटा प्रस्तावित।
निरंतर सेवा: 2 महीने के ‘कॉल ऑफ’ नियम की समाप्ति से स्थायी कार्य का लाभ।
विस्तार:  आपदा प्रबंधन और विशेष ड्यूटियों में बढ़ेगी महिलाओं की मौजूदगी।यह पहल न केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाएगी, बल्कि वर्दीधारी सेवाओं में उनके प्रतिनिधित्व को भी नई ऊंचाइयों पर ले जाएगी।

Usha Pamnani

20 वर्षों से डिजिटल एवं प्रिंट मीडिया की पत्रकारिता में देश-विदेश, फ़िल्म, खेल सहित सामाजिक खबरों की एक्सपर्ट, वर्तमान में यशभारत डॉट कॉम में वरिष्ठ जिला प्रतिनिधि