Katni Health Department Action: कटनी में मातृ-शिशु मृत्यु दर घटाने के लिए ‘महा-निरीक्षण’; स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम पहुंची विजयराघवगढ़ के गांव
Katni Health Department Action: कटनी में मातृ-शिशु मृत्यु दर घटाने के लिए ‘महा-निरीक्षण’; स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम पहुंची विजयराघवगढ़ के गांव
कटनी/विजयराघवगढ़: कटनी जिले में गर्भवती महिलाओं और नवजात शिशुओं की सुरक्षा तथा उनके बेहतर स्वास्थ्य को लेकर जिला प्रशासन बेहद गंभीर है। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के कड़े निर्देशों के परिपालन में शुक्रवार, 22 मई को स्वास्थ्य विभाग और महिला बाल विकास विभाग की एक संयुक्त (जॉइंट) टीम ने विजयराघवगढ़ विकासखंड के कई सुदूर गांवों का तूफानी दौरा किया। इस विशेष निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं के क्रियान्वयन की सघन निगरानी करना और मातृ एवं शिशु मृत्यु दर (Maternal and Infant Mortality Rate) में प्रभावी कमी लाना है।
Katni Health Department Action: कटनी में मातृ-शिशु मृत्यु दर घटाने के लिए ‘महा-निरीक्षण’; स्वास्थ्य और महिला बाल विकास विभाग की संयुक्त टीम पहुंची विजयराघवगढ़ के गांव
इन गांवों का किया औचक भ्रमण; ग्राउंड पर उतरे जिले के आला अधिकारी
इस संयुक्त टीम का नेतृत्व खुद मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (CMHO) डॉ. राज सिंह और महिला बाल विकास विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी (DPO) प्रतिभा पांडे कर रहे थे। टीम ने विजयराघवगढ़ के निम्नलिखित गांवों का सघन दौरा किया:
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ग्राम अमेहटा (क्रमांक 1 एवं 3)
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सलैया डगर
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हरदुआ खुर्द
इस दौरान उनके साथ मेडिकल ऑफिसर डॉ. डेनियल और महिला बाल विकास विभाग के परियोजना अधिकारी श्री संतोष अग्रवाल भी मुख्य रूप से मौजूद रहे।
‘ग्राम पोषण एवं स्वास्थ्य दिवस’ का जायजा; हाई-रिस्क मामलों की समीक्षा
टीम ने गांवों में पहुंचकर आयोजित होने वाले ‘ग्राम पोषण एवं स्वास्थ्य दिवस’ (VHND) के कार्यों को बारीकी से परखा। अधिकारियों ने जमीनी स्तर पर निम्नलिखित महत्वपूर्ण व्यवस्थाओं की समीक्षा की। गर्भवती महिलाओं के समय पर एएनसी (Antenatal Care) रजिस्ट्रेशन और अनिवार्य टीकों की स्थिति जांची गई।जो गर्भवती महिलाएं गंभीर एनीमिया या अन्य स्वास्थ्य जोखिमों से जूझ रही हैं, उन्हें दी जा रही विशेष चिकित्सा सेवाओं और दवाओं की उपलब्धता की गहन जांच की गई। गांवों में चिन्हित किए गए कुपोषित बच्चों के स्वास्थ्य परीक्षण और उन्हें मिलने वाले पोषण आहार की वर्तमान स्थिति को देखा गया।
प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना की भी हुई जांच, दिए सुधार के निर्देश
अधिकारियों ने स्वास्थ्य सेवाओं के साथ-साथ सरकार की महत्वाकांक्षी ‘प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना’ के क्रियान्वयन की प्रगति का भी मिलान किया। इसके तहत पात्र हितग्राही महिलाओं के फॉर्म और उनके खातों में मिलने वाली राशि के पंजीयन की रफ्तार को परखा गया।
निरीक्षण के अंत में जहां भी विभागीय कमियां पाई गईं, वहां सीएमएचओ डॉ. राज सिंह और डीपीओ प्रतिभा पांडे ने फील्ड में तैनात एएनएम, आशा कार्यकर्ताओं और आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को फटकार लगाते हुए सेवाओं में तुरंत सुधार लाने के कड़े दिशा-निर्देश जारी किए। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही मिलने पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

