Jefferies ने भारत के ट्रैवल सेक्टर पर सतर्क रुख अपनाया: एयरलाइंस और होटल्स दबाव में, एयरपोर्ट मजबूत
नई दिल्ली, 7 अप्रैल 2026: Jefferies ने भारत के ट्रैवल सेक्टर पर सतर्क रुख अपनाया: एयरलाइंस और होटल्स दबाव में, एयरपोर्ट मजबूत, मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के कारण ग्लोबल ब्रोकरेज Jefferies ने भारत के ट्रैवल और टूरिज्म सेक्टर के लिए सतर्क रुख अपनाया है। उनका मानना है कि इंटरनेशनल ट्रैफिक में गिरावट, ईंधन की बढ़ी कीमतें और विदेशी पर्यटकों की कमी एयरलाइंस और होटल कंपनियों पर दबाव डाल सकती हैं।
Jefferies ने भारत के ट्रैवल सेक्टर पर सतर्क रुख अपनाया: एयरलाइंस और होटल्स दबाव में, एयरपोर्ट मजबूत
एयरलाइंस पर असर
- सबसे अधिक प्रभावित IndiGo होगी, क्योंकि लगभग 45% इंटरनेशनल उड़ानें मध्य पूर्व से गुजरती हैं।
- फ्लाइट रूट बदलने और एविएशन फ्यूल की कीमतों में वृद्धि से लागत बढ़ेगी।
- हालांकि, Jefferies ने IndiGo पर Buy रेटिंग बनाए रखी है, लेकिन टारगेट प्राइस घटाया गया।
होटल सेक्टर पर असर
- विदेशी पर्यटकों की कमी से बड़े शहरों के होटल और लग्जरी होटल प्रभावित होंगे।
- इंटरनेशनल MICE बुकिंग में गिरावट से ऑक्यूपेंसी और रूम रेट पर दबाव।
- घरेलू पर्यटन थोड़ी राहत देगा।
एयरपोर्ट कंपनियां मजबूत
- एयरपोर्ट ऑपरेटर जैसे GMR Airports संकट को बेहतर तरीके से झेल सकते हैं।
- उनका डायवर्सिफाइड मॉडल (फ्लाइट्स, रिटेल, फूड, पार्किंग, ड्यूटी फ्री) उन्हें एयरलाइंस और होटल्स की तुलना में मजबूत बनाता है।
टारगेट प्राइस में कटौती
- Indian Hotels, ITC Hotels, Chalet Hotels के टारगेट घटाए गए।
- TBO Tek जैसी ट्रैवल‑टेक कंपनियां भी प्रभावित हो सकती हैं।
- Jefferies का मानना है कि सेक्टर के लिए आने वाला समय चुनौतीपूर्ण होगा, लेकिन स्थिति सुधरने पर रिकवरी तेज हो सकती है।

