कैमोर विज्ञान महाविद्यालय में सात दिवसीय नेतृत्व प्रशिक्षण शिविर के छठवें दिवस पर राहत समर्पण सेवा समिति के तत्वावधान में निःशुल्क स्वास्थ्य एवं नेत्र शिविर आयोजित
कैमोर विज्ञान महाविद्यालय में सात दिवसीय नेतृत्व प्रशिक्षण शिविर के छठवें दिवस पर राहत समर्पण सेवा समिति के तत्वावधान में निःशुल्क स्वास्थ्य एवं नेत्र शिविर आयोजि
कटनी -कैमोर विज्ञान महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई द्वारा आयोजित सात दिवसीय विशेष नेतृत्व प्रशिक्षण शिविर 11 फरवरी से 18 फरवरी के छठवें दिवस पर आज एक निःशुल्क स्वास्थ्य एवं नेत्र परीक्षण शिविर का सफल आयोजन किया गया। यह शिविर राहत समर्पण सेवा समिति के तत्वावधान में तथा सिविल अस्पताल विजयराघवगढ़ के खण्ड चिकित्सा अधिकारी डॉ. विनोद कुमार के दूरदर्शी नेतृत्व में सम्पन्न हुआ। शिविर में लगभग 270 ग्रामीणजन एवं छात्र-छात्राओं का निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण किया गया तथा आवश्यक दवाइयों का वितरण भी किया गया। इस अवसर पर चन्द्रभान पाल द्वारा प्लास्टिक मुक्त ग्राम निर्माण हेतु उपस्थित लोगों को प्लास्टिक के उपयोग से होने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी देते हुए इसके उपयोग से बचने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के दौरान डॉ. सत्यराम साहू द्वारा युवाओं को कैरियर मार्गदर्शन प्रदान किया गया, वहीं अध्यापिका श्रीमती एस्तर दया ने स्वच्छता एवं स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता संदेश दिए। समिति के विकास निर्देशक श्री चन्द्रभान पाल ने युवाओं को स्वरोजगार के अवसरों के प्रति जागरूक किया। समिति के अध्यक्ष श्री शारदा प्रसाद साहू ने संस्था की गतिविधियों की जानकारी देते हुए बताया कि राहत समर्पण सेवा समिति निरंतर स्वास्थ्य शिक्षा एवं महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में कार्य कर रही है। उल्लेखनीय है कि इस सात दिवसीय शिविर के दौरान पूर्व में भी एड्स जागरूकता कार्यक्रम स्वच्छता अभियान जल संरक्षण अभियान तथा मतदाता जागरूकता कार्यक्रम जैसे महत्वपूर्ण जनजागरूकता गतिविधियों का सफल आयोजन किया जा चुका है जिनमें विद्यार्थियों एवं ग्रामीणों की सक्रिय भागीदारी रही।
कार्यक्रम में महाविद्यालय परिवार से एस्तर दया, नीलांचल मिश्रा, कार्यक्रम अधिकारी राजेश पटेल, सहायक अध्यापक निखिल असाटी, प्रधानाचार्य रघुनाथ सिंह सहित ग्राम के गणमान्य नागरिक अतर सिंह, चन्द्रकलाबाई, आंगनवाड़ी एवं आशा कार्यकर्ता की गरिमामयी उपस्थिति रही यह आयोजन विद्यार्थियों एवं ग्रामीणों के लिए स्वास्थ्य जागरूकता, सामाजिक जिम्मेदारी और सेवा भावना का प्रेरणादायक उदाहरण बना।








