कटनी जिले की प्रशासनिक खबरें:~जिले के लिए नीम कोटेड यूरिया खाद की एक और रैक झुकेही पहुंची, झुकेही रैक पाइंट से उतारा जा रहा 570 मीट्रिक टन यूरिया, किसानों को ज़रूरत के मुताबिक मिलेगी पर्याप्त खाद

15 जनवरी 2026
कटनी (YASHBHARAT.COM))। रबी फसलों के लिए सर्वाधिक मांग वाली उर्वरक यूरिया खाद की एक और रैक झुकेही रैक प्वाइंट पर आ गई है। इससे कटनी जिले को 570 मीट्रिक टन नीम कोटेड यूरिया मिली है। झुकेही रैक पाइंट से परिवहन कर यूरिया जिले में लाई जा रही है। जिले में यूरिया खाद की पर्याप्त उपलब्धता है। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी ने अधिकारियों को खाद वितरण केन्द्रों का नियमित निरीक्षण करने, किसानों से संवाद करने और पीओएस मशीन में उर्वरक स्टॉक की उपलब्धता देखकर इसका भौतिक सत्यापन अवश्य करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने अधिकारियों को हिदायत दी है कि उर्वरक वितरण व्यवस्था पर पैनी नजर रखें ताकि किसानों को सहजता से खाद मिल सके। उपसंचालक कृषि ने बताया कि रैक से आई नीम कोटेड यूरिया में से कटनी डबल लॉक केन्द्र के लिए 90 मीट्रिक टन, बहोरीबंद डबल लॉक केन्द्र के लिए 60 मीट्रिक टन तथा मझगवां बड़वारा डबल लॉक केन्द्र के लिए 60 मीट्रिक टन नीम कोटेड यूरिया उर्वरक आवंटित की जायेगी। जबकि जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक कटनी को 90 मीट्रिक टन उर्वरक आवंटित की जायेगी। इसी प्रकार सीएमएस मार्केटिंग सोसायटी कटनी, सीएमएस उमरियापान-ढीमरखेड़ा, सीएमएस रीठी, सीएमएस बड़वारा, प्रियदर्शनी विपणन विजयराघवगढ़, सीएमएस बाकल, सीएमएस स्लीमनाबाद और सीएमएस ढीमरखेड़ा को 30-30 मीट्रिक टन यूरिया आवंटित की जायेगी। इसके अलावा एमपी एग्रो कटनी को 30 मीट्रिक टन खाद आवंटित की जायेगी। जिससे यहां के किसानों को पर्याप्त मात्रा में उनकी जरूरत के मुताबिक उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी।
यहां देवें सूचना
कलेक्टर श्री तिवारी ने किसानों से आग्रह किया है कि वे खाद एवं बीज से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या और शिकायत या खाद एवं बीज मिलने में असुविधा संबंधी सूचना कलेक्ट्रेट कार्यालय में बने जिला स्तरीय कंट्रोल रूम के टेलीफोन नम्बर 07622-220070 एवं 07622-220071 पर दे सकते हैं।
प्रत्येक हितग्राही को “संकल्प से समाधान अभियान” का मिले लाभ- कलेक्टर
प्रथम चरण 15 फरवरी तक चलेगा, लिये जा रहे आवेदन
शासन की 106 हितग्राहीमूलक योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ लें सकेंगे नागरिक
कटनी। जिले में शासन के समस्त विभागों द्वारा संचालित योजनाओं और सेवाओं का पूरा लाभ प्रत्येक पात्र हितग्राही तक समय-सीमा में पहुंचाने के लिए कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के निर्देश पर ग्राम पंचायतों, नगरीय निकायों, तहसील एवं जिला स्तर पर 31 मार्च तक “संकल्प से समाधान अभियान” चलाया जा रहा है। अभियान के अंतर्गत समय-सीमा में पारदर्शी तरीके से गतिविधियां सुनिश्चित की जायेगी। इसके तहत 15 फरवरी तक लोगों के आवेदन पत्र संकलित किये जा रहे हैं।
इस अभियान के माध्यम से विभिन्न विभागों की 106 हितग्राहीमूलक योजनाओं एवं उन योजनाओं में जिनके लक्ष्य निर्धारित हैं, के लक्ष्य अनुरूप लाभ एवं शासन द्वारा प्रदाय की जा रही सेवाओं का प्रभावी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन हेतु यह अभियान चार चरणों में संपन्न किया जाएगा।
“संकल्प से समाधान अभियान” के सफल एवं सुचारु क्रियान्वयन हेतु कलेक्टर श्री तिवारी ने जिले के ग्रामीण क्षेत्र हेतु जिला पंचायत सीईओ हरसिमरनप्रीत कौर एवं नगरीय क्षेत्र हेतु आयुक्त नगर पालिक निगम तपस्या परिहार को नोडल अधिकारी का दायित्व सौंपा है। साथ ही इस अभियान के सफल संचालन हेतु प्रत्येक ग्राम पंचायत और नगरीय निकायों में वार्ड स्तरीय समिति का गठन किया है।
15 फरवरी तक लिये जायेंगे आवेदन
“संकल्प से समाधान अभियान” का प्रथम चरण 12 जनवरी 2026 से शुरू हो चुका है और यह 15 फरवरी तक चलेगा। इस चरण में आवेदन प्राप्त करने की कार्यवाही की जायेगी। इसके लिये प्रत्येक ग्राम पंचायत और नगरीय निकायों में वार्ड स्तरीय समिति बनाई गई है। जिसमें ग्राम और नगरीय वार्ड स्तर के अधिकारी और कर्मचारी जैसे पटवारी, पंचायत सचिव, वार्ड प्रभारी, रोजगार सहायक, आरएईओ, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, हेल्थ वर्कर आदि सम्मिलित रहेंगे।
पंचायत व नगरीय वार्ड स्तर पर आवेदन व शिकायतों के एकत्रीकरण के लिए दल गठित किया गया है। जिसके लिये नोडल अधिकारी की नियुक्ति संबंधित अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) द्वारा की गई है।
यह दल शासन की विभिन्न योजनाओं व सेवाओं से संबंधित आवेदन व शिकायतों को घर-घर जाकर या शिविर लगाकर एकत्रित करेगा तथा इस टीम के नोडल अधिकारी अपने लॉगिन से सभी आवेदनों को पोर्टल पर दर्ज करेंगे।
पोर्टल पर दर्ज करने के उपरांत सभी आवेदनों को क्लस्टर या जोन लेवल के अधिकारी के पास जमा किया जाएगा और क्लस्टर या जोन लेवल अधिकारी आवेदनों को विभागवार संबंधित अधिकारियों को निराकरण हेतु प्रेषित कर निराकरण की स्थिति प्राप्त करेंगे।
अभियान के प्रारंभिक चरण में प्राप्त आवेदन पत्रों की समीक्षा जिलावार कलेक्टर एवं कमिश्नर की वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से समय-समय पर की जाएगी।
16 फरवरी से लगेंगे शिविर
अभियान का द्वितीय चरण 16 फरवरी से प्रारंभ होकर 16 मार्च तक चलेगा। अभियान के द्वितीय चरण में ग्रामीण क्षेत्रों में क्लस्टर लेवल पर एवं नगरीय क्षेत्रों में नगर व जोन स्तर पर नोडल अधिकारी के रूप में तहसीलदार, नायब तहसीलदार, जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी, मुख्य नगर पालिका अधिकारी, विकासखंड शिक्षा अधिकारी, जोनल अधिकारी अथवा समकक्ष अधिकारी रहेंगे।
इस चरण में प्रथम चरण में प्राप्त आवेदन और शेष आवेदन पत्रों के निराकरण हेतु शिविर लगाये जायेंगे। क्लस्टर में पंचायतों की संख्या का निर्धारण कलेक्टर द्वारा जिले में स्थित पंचायतों की संख्या के हिसाब से (आवश्यकतानुसार 15 से 30 ग्राम पंचायतों का समूह में) निर्धारित किया जाएगा।
शहरी क्षेत्रों में छोटी नगरपालिका, नगर पंचायत स्तर पर एक शिविर व नगर निगम स्तर पर वार्डों की संख्या के अनुपात में क्लस्टर या जोन तैयार कियें जाएगें।
क्लस्टर या जोन लेवल पर शिविर लगाने हेतु समय सारिणी जिले द्वारा तैयार की जाएगी। टीम द्वारा प्राप्त आवेदन व शिकायतों का निराकरण क्लस्टर या जोन लेवल पर आयोजित शिविर में संबंधित विभाग के अधिकारियों द्वारा किया जाएगा।
आवेदनों का निराकरण को पोर्टल पर क्लस्टर या जोन लेवल के नोडल अधिकारी के द्वारा दर्ज किया जाएगा।
विकासखंड मुख्यालय पर लगेगा शिविर
“संकल्प से समाधान अभियान” का तृतीय चरण 16 मार्च से 26 मार्च तक चलेगा। इस चरण के अंतर्गत विकासखण्ड स्तर पर नोडल अधिकारी, अनुविभागीय अधिकारी राजस्व, तहसीलदार, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत, अपर आयुक्त नगर निगम, मुख्य नगर पालिका अधिकारी रहेंगे। इस चरण अंतर्गत ब्लॉक, नगर स्तर पर शिविर आयोजित किए जाएंगे जिसमें क्लस्टर या जोन लेवल पर अनिराकृत शेष आवेदन व शिकायतों या नवीन प्राप्त आवेदनों का निराकरण किया जाएगा।
जिन विकासखण्ड मुख्यालयों में नगर पंचायत या नगर पालिका स्थित है, उनमें सम्मिलित रूप से विकासखण्ड मुख्यालय स्तर पर शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों में किए गए निराकरणों को ब्लॉक लेवल नोडल अधिकारी द्वारा पोर्टल पर दर्ज किया जाएगा।
बड़े शहरों यथा नगर निगमों एवं नगर पालिकाओं में जनसंख्या के अनुसार क्लस्टर या जोन का निर्धारण किया जाएगा ।
जिला स्तर पर लगेगा शिविर
चतुर्थ चरण 26 मार्च से 31 मार्च तक चलेगा। इसमें जिला स्तर पर शिविर आयोजित कर समस्त अनिराकृत शेष आवेदन व शिकायतों व नवीन प्राप्त आवेदनों का निराकरण किया जाएगा, जिसकी अध्यक्षता जिले के प्रभारी मंत्री द्वारा की जाएगी तथा जिला अंतर्गत समस्त शिविरों में प्राप्त आवेदनों का निराकरण कर हितग्राहियों को जिला स्तरीय समारोहों में सम्मान पूर्वक हितलाभ वितरण किया जायेगा।
शिविरों की संख्या एवं स्थान (लोकेशन) का निर्धारण जिला स्तर पर किया जाएगा। प्रत्येक विकासखण्ड में कम से कम तीन, नगर परिषद् में एक, नगर पालिका में दो से पांच एवं नगर निगम में पांच से दस शिविर आयोजित होंगे।
सी.एम. हेल्पलाईन पोर्टल के माध्यम से चलेगा अभियान
“संकल्प से समाधान अभियान” से संबंधित संपूर्ण कार्यवाही सी.एम. हेल्पलाईन पोर्टल (cmhelpline.mp.gov.in) के माध्यम से की जाऐगी। पोर्टल में एक पृथक माड्यूल तैयार कर अधिकारियों एवं नागरिकों के लिए लॉगिन क्रियेट करने की सुविधा दी गई है।
अभियान की होगी नियमित समीक्षा
जिले के प्रभारी मंत्री द्वारा संकल्प से समाधान अभियान के क्रियान्वयन की नियमित समीक्षा की जायेगी। इसी प्रकार संभागायुक्त द्वारा संभाग स्तर पर, कलेक्टर द्वारा जिला स्तर पर एवं अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) द्वारा अनुविभाग स्तर पर “संकल्प से समाधान अभियान” के संचालन की नियमित समीक्षा एवं पर्यवेक्षण किया जायेगा।
अभियान में उत्कृष्ट कार्य करने वाले होंगे पुरस्कृत
“संकल्प से समाधान अभियान” में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों को जिला स्तर पर आयोजित मुख्य कार्यक्रम में मुख्य अतिथि द्वारा पुरस्कृत किया जायेगा।
निर्धारित समय-सीमा में एसआईआर कार्य पूरा करने एसडीएम चतुर्वेदी ने दिये बीएलओ सुपरवाइजरों को निर्देश
विधानसभा-93 मुडवारा में एसआईआर प्रगति की समीक्षा बैठक आयोजित
कटनी। भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार एवं कलेक्टर व जिला निर्वाचन अधिकारी श्री आशीष तिवारी के मार्गदर्शन में विधानसभा – 93 मुडवारा में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण 2026 के तहत नो मैपिंग वाले मतदाताओं की सुनवाई एवं दावा आपत्ति संबंधी कार्यवाही की जा रही है।
इसी अनुक्रम में निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी कार्यालय विधानसभा-93 मुडवारा में एसडीएम श्री प्रमोद चतुर्वेदी द्वारा बीएलओ सुपरवाइजर के साथ एसआईआर की प्रगति की समीक्षा की गई। एसडीएम श्री चतुर्वेदी ने बैठक के दौरान समस्त बीएलओ सुपरवाइजर को कार्य में प्रगति लाने एवं आयोग द्वारा निर्धारित समय-सीमा में एसआईआर कार्यवाही पूर्ण करने हेतु निर्देशित किया। साथ ही सुपरवाइजरों को अवगत कराया गया कि एसआईआर अंतर्गत दावा आपत्ति की कार्यवाही हेतु आयोग ने 22 जनवरी 2026 तक की समय-सीमा निर्धारित की है। इस समयावधि में समस्त बीएलओ द्वारा संबंधित मतदाताओं के फार्म 6, 7 एवं 8 भरवाकर बीएलओ एप पर प्रविष्टि कराई जावे। बैठक में निर्देशित किया गया कि 1 जनवरी 2026 को 18 वर्ष की आयु सीमा पूर्ण करने वाले नवीन मतदाताओं के फार्म 6 भरवाना सुनिश्चित करें। नो मैपिंग वाले जिन मतदाताओं को नोटिस जारी किया जाना शेष है, उनके बीएलओ के माध्यम से तत्काल नोटिसों की तामीली करावें। जिन मतदाताओं की प्रविष्टि में लॉजिकल एरर प्रदर्शित हो रही है, उनके दस्तावेज संकलित कराकर बीएलओ प्रतिवेदन एप में अपलोड कराया जावे। इसी प्रकार समस्त एईआरओ को निर्देशित किया गया कि वे समयावधि में मतदाताओं का सुनवाई कार्य पूर्ण करा लेवें तथा प्रस्तुत किये जा रहे दस्तावेजों का दस्तावेजीकरण भी सुनिश्चित किया जावे। बैठक में समस्त एईआरओ क्रमश: तहसीलदार श्री आशीष अग्रवाल एवं श्री अजीत तिवारी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत श्री प्रदीप सिंह, नायब तहसीलदार श्री अतुलेश सिंह, सुश्री अवंतिका तिवारी एवं श्री हर्षवर्धन रामटेके तथा अधीक्षक, भू-अभिलेख श्री विेवेक मुले के साथ-साथ बीएलओ सुपरवाइजर एवं कार्यालयीन निर्वाचन अधिकारियों-कर्मचारियों की उपस्थिति रही।
वर्ष 2026 को मनाया जायेगा ‘कृषि वर्ष’, हर विकासखंड में घूमेंगे कृषि रथ
कटनी। शासन द्वारा वर्ष 2026 को “कृषि वर्ष” के रूप में मनाया जा रहा है। इस उपलक्ष्य में कृषि एवं संबंध विषयों जैसे पशुपालन, उद्यानिकी, मत्स्यपालन आदि पर किसानों एवं कृषि वैज्ञानिकों के मध्य सीधा संपर्क कायम कर नवीन एवं वैज्ञानिक तकनीकी की जानकारी कृषकों तक पहुंचाने के उद्देश्य से जायद, खरीफ एवं रबी फसलों की बुवाई के एक माह पूर्व (वर्ष में प्रति सीजन एक माह) प्रत्येक विकासखण्ड में एक कृषि रथ चलाया जायेगा।
अभियान अंतर्गत जैविक खेती एवं प्राकृतिक कृषि क्षेत्रों का विस्तार, मृदा स्वास्थ कार्ड, आईएनएम/आईपीएम, फसल विविधिकरण, ई- विकास प्रणाली, पराली प्रबंधन, विभागों की प्रमुख योजनाओं, कृषि की उन्नत एवं नवीन तकनीकों तथा नवाचारो की जानकारी कार्यक्रम स्थल पर तकनीकी दल में सम्मलित कृषि वैज्ञानिकों एवं विभिन्न विभागीय शासकीय सेवको द्वारा कृषकों को दी जायेगी। कलेक्टर आशीष तिवारी ने इस कार्यक्रम के सफल एवं प्रभावी क्रियान्वयन हेतु श्रीमति अरूणिमा सेन आयंगर उप संचालक किसान कल्याण तथा कृषि विकास जिला कटनी (मो.नं. 8103824075) को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है। साथ ही तकनीकी दल में सम्मलित सभी विभागों को अपने मैदानी अधिकारियों की अपने स्तर से रूटचार्ट अनुसार ड्यूटी आदेश जारी करते हुये इनकी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैं।
जिला सैनिक कल्याण कार्यालय में मनाया गया ‘पूर्व सैनिक दिवस’
कटनी। देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले जांबाज पूर्व सैनिकों के सम्मान में जिला सैनिक कल्याण कार्यालय में ‘पूर्व सैनिक दिवस’ का गरिमामय आयोजन किया गया। इस अवसर पर जिले के भूतपूर्व सैनिकों, वीर नारियों और वीर माताओं की उपस्थिति रही।
आयोजन में उपस्थित वीर नारियों एवं वीर माताओं को शाल एवं श्रीफल भेंट कर सम्मानित किया गया। जिला सैनिक कल्याण अधिकारी, कर्नल डॉ. शास्त्री प्रसाद त्रिपाठी ने स्वयं सभी पूर्व सैनिकों और विधवाओं से सीधा संवाद किया। उन्होंने व्यक्तिगत रूप से उनकी समस्याएं सुनीं और उनके त्वरित निराकरण के लिए आवश्यक कानूनी व प्रशासनिक तरीके सुझाए। इस दौरान केन्द्रीय सैनिक बोर्ड एवं राज्य सैनिक बोर्ड द्वारा प्रदान की जाने वाली समस्त हितकारी योजनाओं की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के अंत में सभी उपस्थित पूर्व सैनिकों और उनके परिजनों के लिए जलपान का आयोजन किया गया एवं सभी का आभार व्यक्त किया गया।







