स्वच्छता प्रमाणीकरण: सूखा व गीला कचरा नहीं दिखा अलग तो कटेंगे नंबर, कटनी में कितना सार्थक
कटनी ।स्वच्छता सर्वे के लिए आई टीम हर सिस्टम और इंतजाम की बारीकी से पड़ताल कर रही है। सर्वे के दौरान किसी भी मामले में कहीं भी गड़बड़ी दिखी तो माइनस मार्किंग भी होगी। ऐसे में सभी शहरवासियों की जिम्मेदारी है कि पूरे साल जिन नंबरों के लिए तैयारी की है, थोड़ी सी असावधानी से उस पर पानी न फिर जाए, इसका ध्यान रखें।
स्वच्छता सर्वे की गाइड लाइन में स्वतंत्र प्रमाणीकरण (इंडिपेंडेंट वेलिडेशन) में 40 से ज्यादा ऐसे सवालों का जवाब टीम को ढूंढना है। इसमें माइक्रो लेवल पर हर छोटी से छोटी बात को जांचा जाएगा। मसलन, कहीं गीला और सूखा कचरा अलग-अलग नहीं मिला या लोगों ने वेस्ट सेग्रिगेशन को लेकर अनभिज्ञता जताई तो 4000 अंकों के सर्वे में से सीधे 16 नंबर कट जाएंगे। इसी तरह हर 500 मीटर लंबाई में लिटरबिन नहीं होने या उनकी प्रतिदिन सफाई नहीं होने पर नौ नंबर काटे जाएंगे। किसी स्कूल में स्वच्छता कमेटी नहीं बनाई गई है तो दो नंबर काट लिए जाएंगे।
इन प्रमुख बिंदुओं पर संतोषजनक प्रमाण नहीं मिलने पर कटेंगे नंबर
1. शहर से जितना कचरा निकल रहा है, उसमें से कितना प्रतिशत गीला और सूखा अलग-अलग निकल रहा है?
(सर्वे टीम चार अलग-अलग जोन के 10 घरों की जांच करेगी। तीन या उससे ज्यादा जगह उसे गीला और सूखा कचरा अलग-अलग नहीं मिला या लोगों ने इससे अनभिज्ञता जताई तो 16 नंबर काटे जाएंगे।)
2. व्यावसायिक क्षेत्रों में रोज सफाई और रात में रोड स्विपिंग का काम हो रहा है या नहीं?
(नौ दुकानदारों या वेंडरों से इस बारे में जानकारी ली जाएगी। दो या इससे ज्यादा दुकानदारों ने इससे इनकार किया तो 11 नंबर कटेंगे।)
3. डोर टू डोर कचरा कलेक्शन शहर के सभी वार्डों में हो रहा है या नहीं?
(सर्वे टीम चार जोन के सात वार्ड चुनेगी। हर वार्ड के दो घरों में जाकर इस बारे में सवाल पूछेगी। तीन या इससे ज्यादा घरों के लोगों ने जवाब ना में दिया तो 11 नंबर काटे जाएंगे।)
4. इकट्ठा हुआ कचरा उसी दिन प्रोसेसिंग यूनिट में भेजा जा रहा है या नहीं?
(सर्वेयर प्रोसेसिंग प्लांट जाकर बीते दिन का रिकॉर्ड देखेगा कि शहर से जितना कचरा उत्सर्जित हो रहा है, उतना प्लांट तक पहुंच रहा है या नहीं? दोनों आंकड़ों में पांच प्रतिशत से ज्यादा अंतर आया तो 11 नंबर काटे जाएंगे।)
5. शहर में जगह-जगह घूमकर कचरा इकट्ठा करने वाले वेस्ट पिकर्स को सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट सिस्टम से जोड़ा गया या नहीं?
(रजिस्टर्ड वेस्ट पिकर्स में से अलग-अलग छह के नाम छांटकर उनसे टीम आईडी कार्ड मांगेगी और वर्क ऑर्डर या कॉन्ट्रैक्ट की जानकारी लेगी। इनमें से दो या इससे ज्यादा लोग आईडी कार्ड या मांगे गए कागजात नहीं बता पाए तो 11 नंबर काटे जाएंगे।)
6. जीपीएस आधारित व्हीकल ट्रैकिंग सिस्टम में कार्यरत और अच्छा काम करने वाले ड्राइवरों को निगम प्रोत्साहनस्वरूप पुरस्कार देता है या नहीं?
(छह सबसे अच्छा काम करने वालों को चुनकर उनसे पूछा जाएगा कि क्या नगर निगम आपको प्रोत्साहित करता है। यदि उन्होंने ‘ना’ में जवाब दिया तो नौ नंबर कटेंगे।)
7. लिटरबिन या गीला-सूखा कचरा डालने के लिए दो अलग-अलग बिन हर 500 मीटर पर लगे हैं या नहीं?
(सर्वे टीम दी गई सूची में से आठ अलग-अलग जगह चुनकर देखेगी कि बताई गई जगह पर हर 500 मीटर दूरी पर लिटरबिन या गीले-सूखे कचरे के लिए अलग बिन लगे हैं या नहीं? बिन नहीं मिले तो नौ नंबर काटे जाएंगे।)
8. स्पॉट फाइन संबंधी नोटिफिकेशन और दंड संग्रहण।
(नगर निगम ने स्पॉट फाइन संबंधी नोटिफिकेशन जारी किया है या नहीं, साथ ही निगम की चालान बुक में से नौ अलग-अलग चालानों की जांच की जाएगी। जिसके नाम से रसीद काटी गई है, उसने यदि स्पॉट फाइन की जानकारी से मना किया तो नौ नंबर काटे जाएंगे।)
9. सरकारी या निगम द्वारा संभाले जाने वाले सिटी पार्क या बगीचों में वहां से निकलने वाले हरित कचरे की कंपोस्टिंग का इंतजाम है या नहीं?
(सर्वे टीम नौ पार्क और बगीचों को चुनेगी और जिम्मेदार अफसरों को साथ लेकर कंपोस्टिंग की प्रोसेस समझेगी। यदि दो इससे ज्यादा बगीचों में यह प्रोसेस ढंग से नहीं हो सकी तो नौ नंबर कटेंगे।)
10. सफाईकर्मियों और सॉलिड वेस्ट उठाने वाले कर्मियों के पास यूनिफॉर्म, फ्लोरोसेंट जैकेट, हैंड ग्लव्स, उचित फुटवियर और मास्क आदि हैं या नहीं?
(वेस्ट मैनेजमेंट के काम में लगे किन्हीं छह कर्मियों को चुनकर देखा जाएगा कि उन्होंने व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण पहने है या नहीं? दो या इससे ज्यादा कर्मी ऐसे मिले जिनके पास सारे इंतजाम नहीं हैं तो छह नंबर काट लिए जाएंगे।)
11. सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट सिस्टम के संचालन लागत का कितना प्रतिशत हिस्सा प्रॉपर्टी टैक्स या यूजर चार्ज में शामिल किया गया है?
(इसके लिए टीम सॉलिड वेस्ट मैनेजमेंट प्लांट जाकर प्रोसेसिंग की मासिक लागत निकालेगी? यदि इस लागत में दावे के अनुसार कोई गड़बड़ी मिली तो 20 नंबर घटाए जाएंगे।
12. निगम ने शहर में सबसे साफ होटल, स्कूल, हॉस्पिटल, रहवासी संघ-मोहल्ला समिति और मार्केट एसोसिएशन को रैंकिंग दी है?
(रैंकिंग में शामिल हर श्रेणी के आठ संस्थान चुनकर पड़ताल की जाएगी। यदि दो या इससे ज्यादा संस्थानों में इसका कोई प्रमाण नहीं मिला तो सीधे सात नंबर काटे जाएंगे।)
13. स्कूलों में स्वच्छता कमेटियां काम कर रही हैं?
(चार अलग-अलग जोन के आठ स्कूलों की आठ स्वच्छता कमेटियां चुनी जाएंगी। सर्वेयर इन स्कूलों में जाएंगे और पता करेंगे कि क्या वहां की कमेटियां सक्रिय हैं। यदि सक्रिय हैं तो उन्होंने कौन-सी गतिविधियां की हैं? इस जांच में दो या दो से ज्यादा स्कूलों में संतोषजनक परिणाम टीम को नहीं मिले तो दो नंबर काटे जाएंगे।)

