भगोड़ा अपराधी घोषित कर आर्थिक मृत्युदंड देने जैसा : विजय माल्या
शराब कारोबारी और बंद हो चुकी किंगफिशर एयरलाइन के मालिक विजय माल्या ने कहा कि उसे भगोड़ा घोषित करके एक तरह से आर्थिक तौर पर मौत की सजा दी गई है। माल्या ने बुधवार को बॉम्बे हाईकोर्ट में कहा कि उसकी संपत्तियों को जब्त करने के बाद से उसके पास कुछ भी नहीं बचा है।
कर्ज चुकाने के लिए नहीं बेच पा रहा हूं संपत्ति
माल्या ने अपने वकील अमित देसाई से जस्टिस रंजीत मोरे और भारती डांगरे की पीठ के समक्ष कहा कि आर्थिक भगोड़ा कानून के लागू होने के बाद से जांच एजेंसियों ने उसकी संपत्तियों को जब्त कर लिया है। ऐसे में वो कर्ज चुकाने के लिए अपनी संपत्तियों को बेच भी नहीं पा रहा है। इससे कर्ज और इसके ऊपर लग रहा ब्याज लगातार बढ़ता जा रहा है। यह एक तरह से आर्थिक तौर पर मौत की सजा के बराबर है।
संपत्ति जब्त करने पर लगे रोक
देसाई ने कोर्ट से अपील करते हुए कहा कि वो देश भर माल्या की संपत्ति को जब्त करने पर रोक लगाए। हालांकि पीठ ने इसको स्वीकार नहीं किया। एक विशेष पीएमएलए कोर्ट ने जनवरी में माल्या को आर्थिक तौर पर भगोड़ा घोषित किया था।

