मध्यप्रदेश

बिना घोटाला किए सिर्फ इंफॉर्मेशन बेचकर इंजीनियर करोड़पति बन गया

इंदौर। मध्य प्रदेश शासन के आर्थिक अपराध प्रकोष्ठ (MP Economic Offences Wing) की टीम ने इन्वेस्टिगेशन के दौरान बताया है कि टाउन एंड कंट्री प्लानिंग देवास में पदस्थ इंजीनियर विजय दरयानी ने अपनी सेवा काल में कोई बड़ा घोटाला नहीं किया लेकिन टाउन एंड कंट्री प्लानिंग की इंफॉर्मेशन भू माफिया को बेचकर करोड़पति बन गया।

1984 में विजय दरयानी की तनखा ₹500 महीना थी। वर्तमान में ₹50000 महीना है। 37 साल के सेवाकाल में उसके पास आय से कई गुना अधिक संपत्ति मिल रही है।

 

 

ईओडब्ल्यू की टीम ने बताया कि छापे के दौरान इंजीनियर विजय दरयानी के घर से 2031 की मास्टर प्लानिंग का नक्शा मिला है। EOW विभाग का कहना है कि देवास के नजदीक से कोई एक्सप्रेस हाईवे निकलने वाला है। पिछले दिनों केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने इंदौर में इसके बारे में बताया था। EOW का मानना है कि इस प्रकार के प्रोजेक्ट की डिटेल भू माफियाओं को चुपके से उपलब्ध करा दी जाती है। माफिया प्रोजेक्ट के आसपास की जमीन खरीद लेते हैं और करोड़ों रुपए कमाते हैं। इस प्रकार की इंफॉर्मेशन देने वालों को भी लाखों रुपए इनाम दिया जाता है।

 

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम