प्रशासनिक आदेश ने तोड़ा शराबियों का दिल
आज शाम पांच बजे से बंद होगें मदिरालय जबलपुर। यार आज शाम से मंदिर के पट बंद हो जायेगें पूजन सामग्री ले लो मैने तो पहले से ही दो बोतल खरीद ली है, अगर कही से जुगाड़ हो तो दो बोतल और दिलवा दो । शहर में हर तरफ आज यही विषय प्रमुख रहा। शहर के चौराहो, पान दुकानों और चाय की दुकानों में लोग प्रधानमंत्री के भाषण के साथ ही शराब पर भी चर्चा करते नजर आए। विदित हो कि आज शाम पांच बजे के बाद जहां चुनाव प्रचार थम जायेगा। शराब दुकानों पर भी ताले लटक जायेगें। शाम होते ही शराब के आगोश में आ जाने वालों के लिये यह खबर वज्र के समान हो गयी है, लिहाजा लोग अपना कोटा एकत्रित करने में लग गए है। शराब दुकानों पर सुबह होते ही भीड़ जमा हो गयी और लोगों ने तय दिनों के हिसाब से शराब खरीदने की होड़ लग गयी है। ज्यादातर लोग शराब सस्ती खरीदने की जुगत में लगे दिखाई दिए। पान दुकानों और चाय ठेलों में चुनाव की चर्चा के बाद सबसे बड़ा विषय आज शराब दुकान बंद होने को लेकर ही दिखाई दिया। पहले ही खरीद चुके लोग अपने साथियों पर रौब गांठते दिखाई दिए। इसके साथ ही शराब बंदी का फायदा उठाने अवैध शराब की बिक्री करने वाले लोगो की भी चांदी हो गयी है इन्हे इन दिनों अच्छे धंधे की उम्मीद है। गौरतलब है कि भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर राज्य शासन के वाणिज्यिक कर विभाग द्वारा मतदान समाप्ति के 48 घंटे पूर्व से मतदान की समाप्ति तक अर्थात् 28 नवम्बर को शम 5 बजे तक शराब बिक्री पर प्रतिबंध लगाया गया है। मतदान दिवस को पूरी तरह शुष्क दिवस घोषित किया गया है। यदि कोई अहातो, होटलों,ठेलों पर शराब पीते लोग शराबखोरी करते दिखाई दिए तो छह माह के कारवास की सजा अथवा दो हजार रूपए के जुर्माने से या दोनों से दण्डित किया जायेगा।
पुलिस का पहरा
विधानसभा चुनाव के लिये मतदान से 48 घंटे पहले जिले भर में हाई अलर्ट घोषित कर दिया है। पुलिस के टारगेट पर चुनाव प्रभावित करने के लिए बांटी जाने वाली शराब और पैसा है। जिसके लिए हर चौराहे पर सघन चैकिंग की जा रही है।कार से लेकर दुपहिया वाहनों तक की तलाशी ली जा रही है। पुलिस का ज्यादा ध्यान पूर्व विधानसभा क्षेत्र में है। पुलिस कार्रवाई पर अपनी नजर बनाए रखने पुलिस अधीक्षक अमित सिंह देर रात भ्रमण करते रहे।

