कैमोर की मेघा “चंद्रयान 2” अभियान का अहम हिस्सा, पूरा प्रदेश गौरवान्वित, करेंगी डेटा एनालिसिस

कटनी। भारत को अंतरिक्ष में एक और उपलब्धि अगले कुछ ही घंटों में मिलने वाली है। भारत का चंद्रयान 2 अभियान अब से कुछ ही देर में अंतरिक्ष में प्रवेश करेगा। देश के लिए गौरव के इस क्षण के साथ कटनी के कैमोर का नाम भी अचानक सुर्खियों में आ गया है। दरअसल चंद्रयान अभियान में शामिल कैमोर में शिक्षा दीक्षा लेने वाली मेघा भट्ट इस अभियान में देश की ओर से एक बड़ी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। मेघा भट्ट के पिता यू एन भट्ट एसीसी कैमोर के इंजीनियरिंग इंस्टीट्यूट के डीजल सेक्सन में इंस्ट्रक्टर थे।
तब श्री भट्ट का परिवार जिसमे उनकी दो पुत्री तथा एक पुत्र कैमोर में ही रहते थे। इस दौरान मेघा कैमोर के एसीसी मिडिल स्कूल की हिन्दी माध्यम की छात्रा थीं। कैमोर मे मिडिल स्कूल की पढ़ाई के बाद हायरसेकेन्ड्री की शिक्षा भी मेघा ने कैमोर उच्चतर मा. विद्यालय में पढ़ाई की। शिक्षा में मेघा शुरू से ही मेधावी छात्रा रहीं। इसके बाद मेघा उच्चतर अध्ययन के लिए जबलपुर में पढ़ीं। इसी बीच मेघा के पिता एसीसी से सेवानिवृत्त होकर गुजरात चले गये। साथ ही उनका पूरा परिवार भी अहमदाबाद मे शिफ्ट हो गया।
जैसे ही कल चंद्रयान अभियान से जुड़ी मेघा की खबर वायरल हुई तो कैमोर में मेघा के साथ पढ़ने वाले छात्र उनके टीचर सहित कैमोर में भट्ट फैमली को जानने वाले शुभचिंतकों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। आज भी दिनभर मेघा की इस उपलब्धि पर कैमोर के लोग काफी गौरवान्वित दिखे। मेघा की बहन पूर्वी इंदौर में आई स्पेस्लिस्ट डाक्टर हैं। जबकि उनके भाई तरंग भट्ट गुजरात मे ही जाब पर हैं।
चंद्रयान से भेजे गये डेटा का विश्लेषण करेंगी मेघा
चंद्रयान अभियान में शामिल मेघा उपेन्द्र भट्ट पीआरएल अहमदाबाद में रिसर्च कर रही हैं। मेघा चंद्रयान अभियान के लिए बेहद अहम जिम्मेदारी निभाएंगी। वे चंद्रयान के द्वारा जो डेटा भेजा जाएगा उसका एनालिसिस करेंगी। इस विश£ेषण में वह यह जानने की कोशिश करेंगी के वहां पर मेग्नेट मेग्रीशियम आदि तत्व किस प्रकार के हैं इनका कितना प्रमाण है। तत्वों ने किस तरह आकार ले रखा है। शुरूआत में ये कोई लावा था या फिर यहां भी धरती की तरह से ही तत्वों की स्वाभाविक मौजूदगी रही। यह तत्व लावा से किस तरह क्रिस्टलाइज हुए आदि काफी चीजों का विश्लेषण करते हुए रिसर्च करेंगी।
कैमोर और कटनी ही नहीं पूर प्रदेश के लिए गौरवशाली क्षण
चंद्रयान अभियान में कटनी में पली बढ़ी मेघा भट्ट के शामिल होने से कैमोर ही नहीं कटनी जिला और पूरा मध्यप्रदेश गौरवान्वित है। देश के कुछ चुनिंदा साइंटिस्ट ही इस अभियान से जुड़े हैं। ऐसे में एक छोटे से शहर में हिन्दी मीडियम की छात्रा ने वह कर दिखाया जिसकी कोई कल्पना भी नहीं कर सकता। मेघा बचपन से ही काफी होनहार थीं। कैमोर में उन्हें जानने वाले तथा साथ पढ़ने वाले बताते हैं कि मेघा बेहद मिलनसाार और हंसमुख स्वभाव की हैं। कैमोर मिडिल स्कूल के बाद हायर सेकेन्ड्री एग्जाम में मेघा अव्वल रहीं उनकी रूचि शुरू से ही भौतिक रसायन पर रिसर्च करना था। आज वह जिस मुकाम पर पहुंची हैं सचमुच कैमोर इससे गौरवान्वित है साथ ही वह स्कूल भी खुशी से फूले नहीं समा रहे जहां मेघा भट्ट की प्रारंभिक शिक्षा हुई। मेघा रिसर्चर तो हैं ही उन्होंने पीएचडी भी की है।












