Latest

किस्सा कुर्सी का, बात श्योपुर विधानसभा सीट की…

भोपाल: श्योपुर विधानसभा सीट पर अभी भाजपा का कब्जा है। 2013 में यहां से दुर्गालाल विजय ने जीत हासिल की थी। उन्होंने बसपा के बाबू लाल जिंदल को 16424 वोटों से हराया था। इसके अलावा कांग्रेस तीसरे स्थान पर रही थी।
एक तरफ जहां सीएम शिवराज चौथी बार सीएम बनने के लिए आतूर है। वहीं, 15 साल से सत्ता का बनवास झेल रही कांग्रेस प्रदेश से भाजपा को उखाड़ फेंकना चाहती है। ऐसे ही तीसरे दल बसपा की जिस तरह की स्थिती अभी मध्य प्रदेश में है उस तरह से देखा जाए तो 2013 में बसपा के बाबू लाल जिंदल ने भाजपा के दुर्गालाल विजय को अच्छी-खासी टक्कर दी थी। इस चुनाव में दुर्गालाल को 65211 वोट पड़े थे और बाबू लाल जिंदल को 48787 वोट मिले थे। 34898 वोट के साथ कांग्रेस तीसरे स्थान पर रही थी। जो कि विधानसभा चुनाव 2018 में दोनों दलों के दांत खट्टे कर सकता है।
2013 में किसे मिले कितने वोट…
पार्टी             भाजपा             बसपा          कांग्रेस
वोट              65211          48787          34898
बात अगर इससे पहले की करें तो…
2008
साल 2008 में इस सीट से कांग्रेस के ब्रिज लाल सिंह ने भाजपा के बाबू लाल को हराया था।
2003
साल 2003 में यहां स्थिती 2013 जैसी थी। इस बार यहां भाजपा के दुर्गा लाल विजय ने बसपा के बाबू लाल को हराया था और कांग्रेस तीसरे स्थान पर रही थी।
2008 और 2003 में किसे मिले कितने वोट…
पार्टी 2008 2003 वोट प्रतिशत
भाजपा 30020 27492 24.56%
कांग्रेस 39472 20188 18.03%
बसपा 20818 24437 21.83%
मध्य प्रदेश में विधानसभा क्षेत्र…
GEN         SC            ST          TOTAL
148          35            47          230
मध्य प्रदेश में वोटर्स की संख्या (2013 में)…
पुरुष                      महिला                 कुल
19136733           17130236         36266969
शिव’राज’ में हुआ व्यापम घोटाला, हाल ही में हुआ 3 हजार करोड़ का ई-टेंडरिंग घोटाला, प्रदेश में लगातार बढ़ते दुष्कर्म के मामले और राज्य की कथित अमेरिका जैसी सड़कें, ये तमाम ऐसे मुद्दे हैं जिन पर कांग्रेस लगातार भाजपा को घेर रही है और इन्हीं मुद्दों को आधार बनाकर सत्ता में आना चाहती है। तो दूसरी तरफ बसपा द्वारा कांग्रेस का हाथ छोड़ना जो कि अपने आप में दिलचस्प है। आंकडो़ं के आधार पर देखा जाए इस बार दोनों पार्टियों बसपा कड़ी टक्कर देने वाली है। खैर देखना ये होगा कि अंत में परिणाम क्या निकलता है।

Ashutosh shukla

30 वर्षों से निरन्तर सकारात्मक पत्रकारिता, संपादक यशभारत डॉट काम

Leave a Reply