Site icon Yashbharat.com

कटनी: पूर्व विधायक निशिथ पटेल की घर वापसी,BJP से दिया इस्तीफा

भोपाल। बहोरीबंद विधानसभा से पूर्व विधायक व भाजपा नेता निशिथ पटेल ने bjp से स्तीफा दे दिया है। मध्य प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी को ऐन मतदान के 5 दिन पहले जोर का झटका लगा है। पूर्व विधायक व भाजपा के नेता निशिथ पटेल ने आज गुरूवार 25 अप्रेल को भारतीय जनता पार्टी से त्यागपत्र दे दिया है। माना जा रहा है कि वे कांग्रेस में शामिल हो सकते हैं. श्री पटेल पिछले कुछ दिनों से खजुराहो संसदीय सीट से बाहरी प्रत्याशी (वीडी शर्मा) को टिकट दिये जाने से नाराज थे. बताया जाता है कि कटनी जिले की बहोरीबंद से विधायक रहे निशिथ पटेल ने आज गुरूवार 25 अप्रेल को अचानक भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह को अपने इस्तीफे का पत्र लिखकर खलबली मचा दी है. श्री पटेल पिछले कुछ दिनों से पार्टी की कार्यप्रणाली एवं नीतियों से क्षुब्ध बताये जा रहे थे. यह बात उन्होंने अमित शाह को दिये इस्तीफे में भी लिखी है- पत्र का मजमून है कि मैं निशिथ पटेल भारतीय जनता पार्टी की कार्यप्रणाली एवं नीति से क्षुब्ध होकर भाजपा की प्रदेश कार्यसमिति की सदस्यता, प्राथमिक सदस्यता एवं समस्त दायित्वों से तत्काल प्रभाव से त्यागपत्र दे रहा हूं. इस इस्तीफे की प्रति उन्होंने प्रदेश भाजपा अध्यक्ष राकेश सिंह को भी दी है

कांग्रेस में हो सकते हैं शामिल

माना जा रहा है कि श्री पटेल कांग्रेस से विधायक रह चुके हैं। पूर्व में वे भाजपा में शामिल हुए थे। लोकसभा चुनाव के लिए उनका नाम खजुराहो संसदीय सीट पर चला था और पैनल में भी नाम था, किंतु ऐन वक्त पर वहां पर बाहरी प्रत्याशी वीडी शर्मा को टिकट दे दिया गया, जिसका जबर्दस्त विरोध संसदीय क्षेत्र में किया गया। यही कारण है कि भाजपा से काफी लोग नाराज थे, जिसमें श्री पटेल भी शामिल रहे। सूत्रों के मुताबिक निशिथ पटेल द्वारा भाजपा के सभी पदों से इस्तीफा देने के बाद शीघ्र ही कांग्रेस में शामिल होने की प्रबल संभावना है। माना जा रहा है कि आज या कल वे विधिवत रूप से एक बार फिर कांग्रेस में घर वापसी कर सकते हैं। जबकि भाजपा की नीतियों से प्रभावित होकर उन्होंने पार्टी का दामन थामा था। इसके पहले पटेल को कांग्रेस के प्रदेश अध्‍यक्ष अरुण यादव ने निलंबित कर दिया था। वे दिग्विजय सिंह सरकार में मंत्री रहे श्रवण कुमार पटेल के बेटे हैं। 2013 विधानसभा चुनाव में वे बहोरीबंद से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़े थे लेकिन भाजपा के प्रभात पांडे से हार गए। इस हार के बाद उन्‍होंने क्षेत्र के कुछ कांग्रेसियों पर ही हरवाने का आरोप लगाया था।

Exit mobile version