शाम को पुलिस अधीक्षक रुचिवर्धन मिश्र ने भी घटना स्थल का जायजा लिया। पुलिस ने मृतका का नाम लक्ष्मीबाई (19) बताया है। आरोपित पिता सुंदरलाल पिता गुलजार यदुवंशी और भाई राजेंद्र हैं। पुलिस के अनुसार लक्ष्मीबाई ने 11वीं के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी।

आरोप है कि वह अपने घर के सामने रहने वाले राजकुमार पिता बद्रीप्रसाद लौवंशी (23) से प्रेम विवाह करना चाहती थी। परिवार इसके लिए तैयार नहीं था। करीब 9 माह से प्रेम प्रसंग चल रहा था। शुक्रवार को दोनों घर से भागकर हरसूद न्यायालय में शादी करना चाहते थे।

लक्ष्मी गई थी प्रेमी के घर

राजकुमार ने बताया कि सुबह लक्ष्मी उसके घर आई थी। इसकी भनक लगते ही लक्ष्मी के पिता उसे पकड़कर घर ले गए और राजेंद्र की मदद से उस पर केरोसिन डालकर जिंदा जला दिया। राजकुमार ने बताया कि तड़पती लक्ष्मी की चीख-पुकार सुनकर वह और उसकी मां हतप्रभ रह गए। लोगों ने पुलिस को इसकी सूचना दी। पुलिस के पहुंचने तक युवती ने दम तोड़ दिया।

गांववाले बोले-स्वयं आग लगाई

इधर, गांव में कुछ लोगों का कहना है कि लक्ष्मी रात भर राजकुमार के घर पर ही थी। सुबह पिता ने उसे घर लाकर पीटा तो उसने स्वयं पर घासलेट डालकर आग लगा ली। पुलिस दोनों ही बिंदुओं पर जांच कर रही है। खालवा थाना प्रभारी कैलाश पानसे, सहायक उप निरीक्षक विरेंद्रसिंह बिसेन और फोरेंसिक की टीम ने मौके से आवश्यक साक्ष्य जुटाने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए खालवा अस्पताल भेज दिया है।

पुलिस अधीक्षक मिश्र ने बताया कि प्राथमिक विवेचना में प्रेम-प्रसंग के चलते युवती को उसके पिता और भाई द्वारा जलाने की बात सामने आई है। मर्ग कायम कर मामले की जांच की जा रही है। आरोपित बाप और बेटे को हिरासत में ले लिया है।