अब तक 900 बसें अधिग्रहित,स्कूलों की 450 बसें भी
स्कूलों में पांच दिन तक छुट्टी जैसा रहेगा माहौल
जबलपुर,यभाप्र। मध्यप्रदेश विधानसभा चुनावों के लिए जिला प्रशासन द्वारा स्कूल बसों का अधिग्रहण किया गया है। चुनाव के दौरान कर्मचारियों और सुरक्षा बलों को पोलिंग बूथ तक पहुंचाने के लिए आरटीओ ने करीब 1100 बसों का अधिग्रहण किया जाना है अब तक अधिकांश बसें अधिग्रहित की जा चुकी है। इन बसों में 450 स्कूल बसें शामिल भी हैं। बसों के अधिग्रहण की कार्रवाई आज भी जारी रहेगी। 28 नवंबर को मतदान के लिए सभी शैक्षणिक संस्थानों की छुट्टी रहेगी लेकिन इसके कारण रविवार से ही अधिकांश स्कूलों में छुट्टी जैसा माहौल शुरू हो गया हैं। शहर के तकरीबन डेढ़ दर्जन स्कूलों के बच्चों और उनके पैरेंट्स को परेशानी का सामना करना पड़ेगा। दो दिन यानि सोमवार और मंगलवार को पैरेंट्स को खुद ही बच्चों को स्कूल छोडऩे और लेने जाना पड़ेगा। कमोवेश आज यही स्थिति देखने को मिली। वैसे ज्यादातर सीबीएसई और निजी स्कूलों ने 4 दिन के लिए स्कूल बंद कर दिए हैं। जिन स्कूलों के पास खुद की बसें हैं, उनका कहना है कि ज्यादातर बच्चे स्कूल की बसों से ही आते-जाते हैं। चुनाव के लिए 28 नवंबर तक स्कूल की सभी बसें अधिग्रहित कर ली गईं हैं। पैरेन्ट्स भी चुनाव ड्यूटी में लगे हैं। ऐसे में बच्चे स्कूल नहीं आ पाएंगे। लिहाजा उनकी परेशानी को देखते हुए 29 नवंबर तक स्कूलों की छुट्टी कर दी गई है। स्कूल 26 से 29 नवंबर तक बंद रहेंगे।मतदान के लिए कई निजी स्कूलों को बूथ भी बनाया गया। स्कूलों से बसें ले ली जा रही है इस वजह से 27 नवंबर को अधिकांश स्कूल नहीं लग पाएंगे। सिर्फ वही स्कूल लगेंगे, जिनकी खुद की बसें नहीं हैं। 28 नवंबर को मतदान के कारण स्कूलों की छुट्टी रहेगी। मतदान खत्म होने के बाद यदि देर रात तक स्कूलों को बसें मिल सकी तो 29 नवंबर को स्कूल लगेंगे। हालांकि स्कूल बस चालक देर रात व अलसुबह तक मतदान केंद्रों से दलों को लेकर लौटेंगे। ऐसे में 29 नवंबर को कई स्कूल नहीं लग पाएंगे। सरकारी स्कूलों के अधिकांश शिक्षकों की चुनाव में ड्यूटी लग चुकी है और करीब एक हजार से ज्यादा स्कूलों में दो हजार पोलिंग बूथ बनाए गए हैं। शिक्षकों के चुनाव ड्यूटी से वापस देर से लौटने की स्थिति में शिक्षक 29 नवंबर को स्कूल नहीं पहुंचेगे। यही वजह है कि सोमवार से ही कई सरकारी स्कूलों में छुट्टी का माहौल रहेगा। आईएसबीटी (अंतरराज्यीय बस टर्मिनस) में बसें न मिलने से कुंडम, मंडला, डिंडौरी, बरगी, बरेला, कटनी, छिंदवाड़ा, सागर, बालाघाट सहित लगभग हर रूट की बसों के इंतजार में यात्री परेशान आज भी होते रहे। यह स्थिति 28 नवबंर तक बनी रहेगी। प्रभारी आरटीओ – संतोष पाल ने बताया कि चुनाव के लिए करीब 1100 बसों का अधिग्रहण किया जा रहा है। अधिकांश बसें अधिग्रहित कर ली गईं हैं। बाकी बसों का अधिग्रहण आज होगा। अधिग्रहित वाहन लेकर भागने वाले 4 वाहन मालिकों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।








