लाड़ली बहना योजना की 40वीं किस्त का इंतजार: 15 सितंबर से पहले बैंक खातों में आ सकते हैं ₹1500, जानें कौन हैं पात्र और अपात्र
लाड़ली बहना योजना की 40वीं किस्त का इंतजार: 15 सितंबर से पहले बैंक खातों में आ सकते हैं ₹1500, जानें कौन हैं पात्र और अपात्र
भोपाल (यशभारत / Yashbharat.com)। मध्य प्रदेश की 1.25 करोड़ से अधिक लाभार्थी महिलाओं के लिए ‘मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना’ की 40वीं किस्त को लेकर उल्टी गिनती शुरू हो चुकी है। डॉ. मोहन यादव सरकार राज्य की पात्र महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से हर महीने डीबीटी (DBT) के माध्यम से 1500 रुपये की सहायता राशि सीधे बैंक खातों में ट्रांसफर करती है।
15 सितंबर से पहले आ सकती है 40वीं किस्त
सामान्य तौर पर राज्य सरकार हर महीने की 10 से 15 तारीख के बीच योजना की किस्त जारी करती है। उम्मीद जताई जा रही है कि गणेश चतुर्थी और आगामी त्योहारों के मद्देनजर सरकार 15 सितंबर से पहले महिलाओं के बैंक खातों में 1500 रुपये ट्रांसफर कर सकती है।
गौरतलब है कि इससे पहले रक्षाबंधन के अवसर पर 19 अगस्त को सरकार ने 39वीं किस्त भेजी थी, जिसमें 1500 रुपये की नियमित राशि के साथ 250 रुपये का विशेष रक्षाबंधन शगुन (कुल ₹1750) दिया गया था।
किन महिलाओं को मिलेगा योजना का लाभ?
स्थानीय निवासी: महिला को मध्य प्रदेश का मूल निवासी होना अनिवार्य है।
वैवाहिक स्थिति: विवाहित महिलाएँ, जिनमें विधवा, तलाकशुदा और परित्यक्ता महिलाएँ भी शामिल हैं।
आयु सीमा: आवेदन वर्ष में 1 जनवरी की स्थिति में महिला की उम्र न्यूनतम 21 वर्ष और 60 वर्ष से कम होनी चाहिए।
किन महिलाओं को माना जाएगा अपात्र?
आय सीमा: जिन महिलाओं के परिवार की स्वघोषित वार्षिक आय ₹2.5 लाख से अधिक है या परिवार में कोई आयकरदाता है।
सरकारी सेवा: परिवार का कोई सदस्य शासकीय विभाग, उपक्रम, मंडल या स्थानीय निकाय में नियमित, संविदा या सेवानिवृत्त पेंशनभोगी हो।
अन्य योजना का लाभ: जो महिला किसी अन्य सरकारी योजना से प्रति माह ₹1250 या उससे अधिक प्राप्त कर रही हो।
राजनीतिक पद: वर्तमान/भूतपूर्व सांसद, विधायक या स्थानीय निकायों के निर्वाचित जनप्रतिनिधि (पंच और उपसरपंच को छोड़कर) के परिवार।
भूमि और वाहन: संयुक्त रूप से 5 एकड़ से अधिक कृषि भूमि रखने वाले या परिवार में चार पहिया वाहन (ट्रैक्टर को छोड़कर) रखने वाले परिवार।