2027 में शनि का मेष राशि में गोचर: शुरू होगी 2 राशियों पर ‘छोटी पनौती’, जानें किनकी बढ़ेगी मुश्किलें और किन्हें मिलेगी मुक्ति
3 जून 2027 को मेष में प्रवेश करेंगे शनि, इन 2 राशियों पर शुरू होगी 'छोटी पनौती'; देखें अपना राशिफल
2027 में शनि का मेष राशि में गोचर: शुरू होगी 2 राशियों पर ‘छोटी पनौती’, जानें किनकी बढ़ेगी मुश्किलें और किन्हें मिलेगी मुक्ति
धर्म व ज्योतिष डेस्क: नवग्रहों में शनि देव को सबसे धीमी गति से चलने वाला ग्रह माना जाता है। वे एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करने में लगभग ढाई साल (2.5 वर्ष) का समय लेते हैं। इस समय शनि मीन राशि में विराजमान हैं और 3 जून 2027 को मेष राशि में प्रवेश कर जाएंगे।
शनि के इस राशि परिवर्तन (गोचर) से जहां दो राशियों को ‘छोटी पनौती’ यानी ढैय्या से मुक्ति मिलेगी, वहीं दो नई राशियां इसकी चपेट में आ जाएंगी। ज्योतिषाचार्य सुजीत जी महाराज के अनुसार, जानें इसका पूरा गणित और प्रभाव।
कैसे लगती है शनि की ‘ढैय्या’ (छोटी पनौती)?
ज्योतिष शास्त्र के नियम के अनुसार, शनिदेव जिस राशि में विराजमान होते हैं, उससे चौथे (4th) और आठवें (8th) भाव वाली राशियों पर शनि की ढैय्या यानी छोटी पनौती शुरू हो जाती है।
किन 2 राशियों पर शुरू होगी ढैय्या?
3 जून 2027 को मेष राशि में शनि के आते ही कन्या राशि (8वां भाव) और मकर राशि (4था भाव) वालों पर शनि की छोटी पनौती शुरू हो जाएगी।
किन 2 राशियों को मिलेगी मुक्ति?
3 जून 2027 को सिंह और धनु राशि के जातकों को ढैय्या से मुक्ति मिल जाएगी, जिससे उनके लंबे समय से अटके हुए काम पूरे होने लगेंगे।
कन्या और मकर राशि पर क्या पड़ेगा प्रभाव?
कन्या राशि (Virgo):
स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं परेशान कर सकती हैं और अचानक खर्चों में बढ़ोतरी हो सकती है।
नौकरी, व्यापार में बाधाएं आ सकती हैं तथा संबंधों में खटास आ सकती है। निवेश बहुत सोच-समझकर करना होगा।
मकर राशि (Capricorn):
आर्थिक स्थिति कमजोर हो सकती है और मानसिक तनाव बढ़ सकता है।
भूमि, भवन या वाहन से जुड़े मामलों में सावधानी बरतनी होगी। पारिवारिक सदस्यों से मतभेद और वाद-विवाद की आशंका रहेगी।
विशेष ध्यान दें: ढैय्या हमेशा नकारात्मक ही नहीं होती। यदि जातक की कुंडली में शनि देव शुभ स्थिति में विराजमान हैं, तो यह अवधि अपार सफलता भी दिलाती है। सटीक प्रभाव जानने के लिए विद्वान ज्योतिषी से अपनी कुंडली का विश्लेषण कराएं।