सागर: 10 करोड़ की मकरोनिया सड़क निर्माण का वीडियो वायरल, सड़क में सरिया ठोकने पर उठे सवाल; PWD अधिकारी ने दी सफाई
सागर: सागर के व्यस्ततम मार्गों में शामिल सिविल लाइन से मकरोनिया तक करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से लोक निर्माण विभाग (PWD) द्वारा बनाई जा रही सड़क विवादों में घिर गई है। सोशल मीडिया पर एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें एक युवक कंक्रीट की बनी हुई सड़क में पत्थर से लोहे का सरिया (टाइ बार) ठोकता नजर आ रहा है। इस वीडियो के सामने आने के बाद सड़क निर्माण की गुणवत्ता और तकनीकी मानकों पर सवाल उठने लगे हैं।
रोजाना गुजरते हैं 5 हजार से अधिक वाहन
सिविल लाइन से मकरोनिया मार्ग शहर का प्रमुख और बेहद व्यस्त मार्ग है, जहां से रोजाना 5 हजार से ज्यादा वाहन गुजरते हैं। ऐसे में सड़क की मजबूती और गुणवत्ता को लेकर लोगों में चिंता बढ़ गई है। यह सड़क पहले डामर की थी, जिसे अब ‘व्हाइट टॉप’ (कंक्रीट) तकनीक से बनाया जा रहा है ताकि इसे बार-बार रिपेयर न करना पड़े।
वायरल वीडियो पर किसकी क्या है राय?
साहित्य तिवारी (कार्यपालन यंत्री, PWD):
उन्होंने किसी भी तरह की गड़बड़ी से इनकार करते हुए कहा कि वायरल वीडियो में दिख रहा सरिया ‘टाइ बार’ है, जो सड़क के दो हिस्सों को जोड़ने का काम करता है। संभव है कि किसी जगह सरिया बाहर निकल गया हो, जिसे दोबारा लगाया जा रहा था। निर्माण कार्य पूरी तरह इंजीनियरों की देखरेख में मानकों के तहत हो रहा है।
दिनकर तिवारी (सेवानिवृत्त इंजीनियर):
उन्होंने बताया कि ‘व्हाइट टॉप’ तकनीक में दो कंक्रीट ब्लॉक को आपस में मजबूती से जोड़ने के लिए ‘टाइ बार’ का इस्तेमाल होता है। हालांकि, उन्होंने स्पष्ट किया कि टाइ बार सड़क ढलाई के समय ही लगाए जाने चाहिए। बनी हुई या तैयार सड़क में बाद में सरिया ठोकने से अपेक्षित मजबूती मिलने में समस्या आ सकती है।
प्रदीप लारिया (विधायक, नरयावली):
उन्होंने कहा कि सड़क को उच्च मानकों और गुणवत्ता के साथ बनाया जा रहा है। डामर की जगह ‘व्हाइट टॉप’ तकनीक अपनाने से सड़क को अधिक मजबूती मिलेगी।











