Ram Rahim जल्द होंगे जेल से बाहर

चंडीगढ़। क्या साध्वी यौन शोषण प्रकरण में रोहतक की सुनारिया जेल में सजा काट रहा गुरमीत राम रहीम जल्द सलाखों से बाहर होगा? ताजा घटनाक्रम तो इसी ओर इशारा कर रहा है। हाल ही में राम रहीम ने पैरोल की याचिका लगाई है और अब खबर है कि प्रदेश सरकार इसका विरोध नहीं करेगी। बता दें, नियमानुसार एक साल की सजा काट चुका कैदी पैरोल की मांग कर सकता है। इसी को आधार बनाते हुए राम रहीम ने सिरसा स्थित जमीन पर खेतीबाड़ी करने के लिए पैरोल मांगी है।
इसके बाद पुलिस अधीक्षक ने अपनी रिपोर्ट स्थानीय उपायुक्त को भेज दी है जिस पर अब मंडलायुक्त फैसला लेंगे। सरकार ने अंतिम फैसला मंडलायुक्त पर छोड़ दिया है। हालांकि रिपोर्ट में कहा गया है कि राम रहीम की अपने नाम पर कोई जमीन नहीं है। वह आश्रम और संस्था की जमीन पर खेती करना चाहता है।
खबर है कि जेल प्रशासन राम रहीम के अच्छे बर्ताव और जेल में किसी से विवाद नहीं होने का हवाला देकर पैरोल देने के लिए राजी हो गया है। इससे पहले राम रहीम ने अप्रैल में सिरसा में एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए रिहाई मांगी थी। हालांकि हाई कोर्ट में लगी यह याचिका उसने बाद में वापस ले ली थी।
कुछ लोग इसे हरियाणा में अक्टूबर में होने वाले विधानसभा चुनाव से जोड़ रहे हैं। कहा जा रहा है कि सरकार डेरामुखी को राहत देकर डेरे से जुड़े बड़े वोट बैंक को साधने की कोशिश कर रही है। हालांकि प्रदेश की खट्टर सरकार में मंत्री अनिव विज का कहना है कि हर चीज को चुनाव से जोड़ना गलत है। अगर चुनाव मसला होता तो लोकसभा चुनावों में ही डेरामुखी को छोड़ दिया गया होता। कानून में पैरोल का प्रावधान है। फांसी की सजा वाले दोषी को भी पैरोल मिल सकती है। मौजूदा सरकार कानून से चलती है और जो कानून कहेगा, सरकार वही करेगी। कोई विशेष राहत नहीं दी जाएगी।








