ट्विशा शर्मा मामले में आया नया ट्विस्ट; जिला अदालत से रिटायर्ड जज सास को राहत, पति समर्थ सिंह पर अब भी शिकंजा
भोपाल: ट्विशा शर्मा मामले में आया नया ट्विस्ट; जिला अदालत से रिटायर्ड जज सास को राहत, पति समर्थ सिंह पर अब भी शिकंजा। मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के बहुचर्चित ट्विशा शर्मा संदिग्ध मौत मामले में एक बड़ा और बेहद चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है। दहेज हत्या (Dowry Death) के गंभीर आरोपों का सामना कर रही ट्विशा की सास और सेवानिवृत्त न्यायाधीश गिरिबाला सिंह को भोपाल जिला अदालत से अग्रिम जमानत (Anticipatory Bail) मिल गई है। अदालत में जमानत अर्जी दाखिल करते हुए पूर्व जज सास ने अपनी मृतका बहू को लेकर कई ऐसे दावे किए हैं, जिसने इस पूरे मामले के सस्पेंस को और गहरा कर दिया है।
ट्विशा शर्मा मामले में आया नया ट्विस्ट; जिला अदालत से रिटायर्ड जज सास को राहत, पति समर्थ सिंह पर अब भी शिकंजा
सास का कोर्ट में दावा: ‘मानसिक रूप से परेशान और ड्रग्स की आदी थी ट्विशा’
भोपाल जिला एवं सत्र न्यायालय (DJ Court) में सुनवाई के दौरान रिटायर्ड जिला एवं सत्र न्यायाधीश व भोपाल जिला उपभोक्ता फोरम बेंच-2 की वर्तमान न्यायाधीश गिरिबाला सिंह के पक्ष ने अग्रिम जमानत के लिए दलीलें पेश कीं। जमानत अर्जी में दावा किया गया है कि 31 वर्षीय ट्विशा शर्मा गंभीर रूप से मानसिक रूप से परेशान (Depressed) थीं और वे नशीले पदार्थों (Drugs) की आदी थीं।
अर्जी में यह भी उल्लेख किया गया है कि ट्विशा का एक जाने-माने मनोचिकित्सक (Psychiatrist) के पास बकायदा इलाज चल रहा था और उनके इलाज का पूरा खर्च ससुराल पक्ष ही उठा रहा था। इन दलीलों को सुनने के बाद भोपाल डीजे कोर्ट ने शुक्रवार को गिरिबाला सिंह की अग्रिम जमानत याचिका को मंजूर कर लिया।
हाई-प्रोफाइल मामला: वकील पति और जज सास पर दर्ज है केस
गौरतलब है कि भोपाल के पॉश इलाके कटारा हिल्स थाना क्षेत्र में रहने वाली पूर्व मिस पुणे और तेलुगु फिल्म अभिनेत्री ट्विशा शर्मा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने पूरे शहर को झकझोर दिया था। ट्विशा के मायके पक्ष (नोएडा निवासी परिवार) ने आरोप लगाया था कि उनकी बेटी को शादी के बाद से ही लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था।
परिजनों के भारी हंगामे और मुख्यमंत्री आवास के बाहर प्रदर्शन के बाद, कटारा हिल्स पुलिस ने ट्विशा की सास गिरिबाला सिंह और उनके वकील बेटे (ट्विशा के पति समर्थ सिंह) के खिलाफ दहेज हत्या और प्रताड़ना का मुकदमा दर्ज किया था। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस पहले ही एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन कर चुकी है।
मैसेज और दावों के बीच उलझी मौत की गुत्थी
एक तरफ जहां ट्विशा की मौत से ठीक पहले उनकी मां को भेजे गए व्हाट्सऐप मैसेजेस सामने आए थे, जिनमें ट्विशा ने लिखा था कि “मम्मी, मेरा जीवन नरक बन गया है, ये मुझसे बात भी नहीं करते”, वहीं अब ससुराल पक्ष द्वारा कोर्ट में ट्विशा के ड्रग एडिक्ट होने और मानसिक बीमारी के दावों ने जांच को एक नया एंगल दे दिया है।
अब देखना यह होगा कि पुलिस की SIT टीम सास द्वारा कोर्ट में किए गए इन दावों और मायके पक्ष के आरोपों के बीच की सच्चाई को कैसे सामने लाती है। फिलहाल, पूर्व जज सास को जमानत मिलने के बाद मायके पक्ष की प्रतिक्रिया और पुलिस के अगले कदम पर सबकी नजरें टिकी हुई हैं।

