कटनी में ‘काले सोने’ की दस्तक: उमड़ार नदी के किनारे मिली कोयले की सीम, प्रशासन की टीम ने किया सर्वे
कटनी में ‘काले सोने’ की दस्तक: उमड़ार नदी के किनारे मिली कोयले की सीम, प्रशासन की टीम ने किया सर्व
कटनी। कटनी जिले में खनिज संपदा का एक नया अध्याय जुड़ गया है। बड़वारा तहसील के ग्राम लुहारवारा में खनिज विभाग की टीम को सर्वेक्षण के दौरान कोयले की सीम (Coal Seam) मिलने की आधिकारिक पुष्टि हुई है। इस खोज के बाद अब जिले में नई कोयला खदानें खुलने की प्रबल संभावना बढ़ गई है।
*उच्चाधिकारियों के निर्देश पर हुआ त्वरित सर्वे*
हाल ही में खनिज साधन विभाग के प्रमुख सचिव श्री उमाकांत उमराव और खनिज संचालक फ्रेंक नोबेल द्वारा नए खनिज ब्लॉकों को चिन्हित कर उनकी नीलामी (Auction) प्रक्रिया शुरू करने के निर्देश दिए गए थे। इसी कड़ी में कलेक्टर आशीष तिवारी के मार्गदर्शन में गठित जिला स्तरीय प्री-ऑक्शन कमेटी और क्षेत्रीय प्रमुख भौमिकी तथा खनिकर्म जबलपुर की अगुवाई में एक संयुक्त दल ने लुहारवारा क्षेत्र का बारीकी से निरीक्षण किया।
*नदी के कटाव से सामने आई कोयले की परतें*
सर्वेक्षण के दौरान पाया गया कि उमरार नदी के प्राकृतिक कटाव के कारण जमीन के भीतर मौजूद कोयले की परतें (सीम) सतह पर ही दिखाई देने लगी हैं (Exposed)। संयुक्त दल ने मौके पर विभिन्न स्थानों से कोयले के नमूने (Samples) एकत्रित किए हैं।
*सर्वे की मुख्य बातें:*
प्रारंभिक पुष्टि: प्रथम दृष्टया क्षेत्र में भारी मात्रा में कोयले का विस्तार और उपलब्धता पाई गई है।
* *सैंपल एनालिसिस*: एकत्रित किए गए नमूनों की जांच के बाद कोयले की ‘ग्रेड’ (Quality) का निर्धारण होगा।
* *आयरन ओर के संकेत*: टीम ने लुहारवारा के साथ-साथ बड़ेरा क्षेत्र से ‘आयरन ओर’ (लौह अयस्क) के सैंपल भी लिए हैं, जिससे अन्य धातुओं के मिलने की उम्मीद भी जगी है।
*नीलामी और भविष्य की योजना*
खनिज विभाग अब पूर्वेक्षण (Prospecting) के जरिए यह पता लगाएगा कि कोयला कितनी गहराई और कितने बड़े क्षेत्र में फैला है। जांच रिपोर्ट आने के बाद इन क्षेत्रों को ब्लॉक के रूप में विकसित कर नीलामी के लिए तैयार किया जाएगा।
*टीम में शामिल रहे प्रमुख अधिकारी*
इस महत्वपूर्ण सर्वे के दौरान क्षेत्रीय कार्यालय जबलपुर के प्रमुख श्री संजय धोपेश्वर, सहायक भौमिकीविद अनिल चौधरी, उपसंचालक खनिज आर.के. दीक्षित, और सहायक खनिज अधिकारी पवन कुशवाहा तकनीकी अमले के साथ मौजूद रहे।