
कटनी(विवेक शुक्ला)। कुठला में आज दोपहर करीब 12 बजे सगे भाई बहन सीवर लाइन ठेकेदार और नगर निगम प्रशासन की लापरवाही के चलते काल के गाल में समा गए। कुठला थाना क्षेत्र के अंतर्गत कोहारी नदी के किनारे हनुमान जी मंदिर के पीछे सीवर लाइन ट्रीटमेंट प्लांट के लिए बनाए गए गहरे गड्ढे में दोनों की जलसमाधि बन गई।
कुठला में कोहारी नदी के किनारे हनुमान जी के मंदिर के पीछे हुआ हादसा
घटना से लोगों में आक्रोश, चेताने के बाद भी नहीं जागे अधिकारी, एफआईआर की मांग
घटना उस समय हुई, जब बच्चे अपने घर के पीछे खेल रहे थे, तभी पैर फिसलने के बाद दोनों लबालब पानी से भरे गड्ढे में गिर गए और डूबने से उनकी मौत हो गई। इस घटना के बाद मौके पर लोगों की भारी भीड़ एकत्रित हो गई।
क्षेत्रीय नागरकिों में सीवर लाइन ठेकेदार और नगर निगम प्रशासन के अधिकारियों की हठधर्मिता और मनमानी कार्यप्रणाली के खिलाफ आक्रोश भी देखा गया।
लोग ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाने का कर रहे थे विरोध
क्षेत्र के नागरिक पिछले काफी समय से यहां सीवर लाइन ट्रीटमेंट प्लांट बनाए जाने का विरोध कर रहे थे, इसके बावजूद न तो जिला प्रशासन ने इस ओर ध्यान दिया और न ही नगर निगम प्रशासन ने। परिणास्वरूप भाई-बहन की मौत हो गई।
अब ठेकेदार और नगर निगम के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज किए जाने की मांग
अब ठेकेदार और नगर निगम के अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज किए जाने की मांग उठ रही है। गौरतलब है कि अमृत योजना के तहत करोड़ों रूपयों की लागत से नगर निगम प्रशासन द्वारा शहर में सीवर लाइन का काम कराया जा रहा है।
शहर के हाईवे के साथ ही अंदरूनी गलियो में सीवर लाइन बिछाए जाने का काम चल रहा है, जबकि कुठला में कोहारी नदी के किनारे हनुमान जी के मंदिर के पीछे सीवर लाइन ट्रीटमेंट प्लांट के लिए गड्ढा किया गया है, जहां बरसाती पानी भरा हुआ है।
जब इसका निर्माण किया जा रहा था, उस समय क्षेत्र के युवा समाजसेवी संजय खरे ने नागरिकों के साथ मिलकर इसका जमकर विरोध किया था।
प्रशासन को ज्ञापन भी सौंपा था। इसके बावजूद क्षेत्र के लोगों की मांग पर कोई सुनवाई नहीं हुई। बताया जाता है कि सीवर लाइन ट्रीटमेंट प्लान के लिए जहां पर गड्ढा खोदा गया है, वहां पर कई घर बने हुए हैं। जिससे हर समय खतरा मंडराता रहता है। सुरक्षा के भी उपाय नहीं किए गए हैं।
आज रविवार की दोपहर करीब 12 बजे 8 वर्षीय अतसो बेन अपने भाई 10 वर्षीय कृष्णा के साथ खेल रही थी, इसी दौरान दोनों का पैर फिसल गया और दोनों भाई बहन पानी से लबालब भरे गड्ढे में गिर गए।
उनकी चीख पुकार सुनकर परिवार और आसपास के लोग वहां पहुंचे लेकिन तब तक उनकी जलसमाधि हो चुकी थी। सचना मिलते ही कुठला पुलिस मौके पर पहुंची और गोताखोरों की मदद से दोनों बच्चों की पतासाजी की गई।
थोड़ी देर बाद दोनों के शव बरामद किए गए। इस घटना के बाद परिवार के लोगों के साथ ही क्षेत्रीय लोगों में आक्रोश देखा गया। लोगों का कहना है कि सीवर लाइन प्लांट यहां पर नहीं लगे, इसके लिए नगर निगम को चेताया गया था।
सुरक्षा की दृष्टि से भी कोई इंतजाम नहीं
लेकिन प्रशासन ने इसकी अनदेखी कर दी। इसके अलावा सुरक्षा की दृष्टि से भी कोई इंतजाम नहीं किए गए थे, जिससे यह हादसा हो गया। अब क्षेत्र के लोगों द्वारा इस घटना के लिए सीवर लाइन ठेकेदार एवं नगर निगम के अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराते हुए एफआईआर दर्ज किए जाने की मांग की जा रही है।








